इटावा। जरा सी बारिश ने सड़कों के निर्माण की पोल खोल दी। तीन से चार माह पूर्व बनाई गईं सड़कें बदहाल हो गईं। लोक निर्माण विभाग के ठेकेदारों की लापरवाही सामने आ गई है।
लोक निर्माण विभाग ने नवंबर और दिसंबर में सड़कों पर पैचवर्क कराया था। शहर में ऊसरा अड्डा वाली सड़क बनवाई गई थी। लाखों रुपये के बजट से बनी सड़क बारिश में बहने लगी। गिटि्टयां उछलकर राहगीरों को लग रही हैं। वहीं शहर के मालगोदाम रोड पर कराया गया पैचवर्क भी धुल गया है। एसई नरेश चंद्र ने बताया कि जो भी सड़कें उखड़ी हैं। उनका निरीक्षण कराया जाएगा। ठेकेदारों को हिदायत देकर फिर से मरम्मत कराई जाएगी।
समसपुर गांव जाने वाली सड़क जर्जर
भरथना। समसपुर गांव जाने वाली लगभग तीन किलोमीटर लंबी सड़क पर कुछ माह पहले गड्ढ़ा मुक्त अभियान के दौरान पैचवर्क कराया गया था। इसमें लाखों रुपये खर्च होने के बावजूद तीन दिन तक हुई रुक-रुक बारिश में ही सड़क उखड़ गई। समसपुर के प्रधान कृपाशंकर समेत हाजीपुर गांव के लोगों ने बताया कि आवागमन में परेशानी होती है। (संवाद)
1.90 लाख से बना जगसोरा मार्ग बहा
जसवंतनगर। लगभग तीन माह पहले लोक निर्माण विभाग ने सिरहोल से जगसोरा तक दो किलोमीटर लंबे मार्ग का 1.90 लाख रुपये से पैचवर्क कराया था। इसी प्रकार जसोहन जाने वाले तीन किलोमीटर मार्ग पर दो लाख से गड्ढे भरवाए थे। कस्बे के फक्कड़पुरा से सिसहाट जाने वाले लगभग दो किलोमीटर मार्ग की हालत खराब है। बारिश में मार्ग उखड़ गए हैं। (संवाद)
दो दिन में उखड़ा रमइयापुरा-हैवरा मार्ग
सैफई। रमइयापुरा से हैवरा डिग्री कॉलेज तक 3.3 किमी लंबी सड़क लोक निर्माण विभाग की ओर से दो दिन पहले बनवाई गई थी। बारिश से दो दिन में लाखों रुपये की लागत से बनी सड़क उखड़ने लगी है। इससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। संतोष शाक्य ने बताया कि ठेकेदार ने घटिया सामग्री का उपयोग किया। ग्रामीणों ने ऐतराज जताया, लेकिन सुधार नहीं किया। (संवाद)