ताखा क्षेत्र के कुईता सरैया गांव में शनिवार शाम खेल रहे बच्चोंपर पक्की ईंटों की दीवार गिर गई। छह बच्चे मलबे में दब गए। इसमें एक मासूम की मौके पर मौत हो गई। चार बच्चों की हालत नाजुक है।
ऊसराहार थाना क्षेत्र के कुईता सरैया गांव में सड़क किनारे सियाराम पाल का काफी पुराना बंगला बना है। जिसमें कोई रहता नहीं है। बंगले के आसपास की दीवारें ग्यारह फीट ऊंची थीं। गांव के एक मांटेसरी विद्यालय सहित अन्य विद्यालय के कुछ बच्चे छुट्टी के बाद बंगले के समीप खेल रहे थे। शनिवार शाम चार बजे पूरा बंगला भरभराकर गिर पड़ा। उसकी एक दीवार खेल रहे बच्चों के ऊपर गिर पड़ी जिसमें छह बच्चे दब गए। घटना से गांव में कोहराम मच गया। सैकड़ों लोग मदद के लिए दौड़ पड़े। मलबे में दबे बच्चों को निकालने में जुट गए। मलबे में दबे औसान सिंह चौहान के चार वर्षीय पुत्र अमित को जब तक निकाला गया, उसकी मौत हो चुकी थी। घायलों को सीएचसी सरसईनावर ले जाया गया। जहां डॉक्टर अवधेश यादव ने इलाज शुरू कराया।
हादसे में मानसिंह के बच्चे प्रियंका और प्रांशू, बेबी पुत्री शीतल, खुशबू पुत्री बंसलाल की गंभीर हालत देख तुरंत उन्हें सैफई रिम्स रेफर कर दिया गया। जहां उनकी हालत नाजुक है। मृतक अमित की बहन शिवानी को भी चोेट आई है।