इटावा। ओमिक्रॉन के चलते स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह से अलर्ट है। दूसरे स्थानों से आने वाले यात्रियों की कोरोना जांच को न सिर्फ तेज कर दिया गया, बल्कि जांच का दायरा बढ़ा दिया गया है। रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर स्वास्थ्य विभाग की टीमें निरंतर काम कर रही हैं।
सीएमओ डॉ. भगवान दास का कहना है कि कोरोना अभी गया नहीं है। लिहाजा सभी से अपील है कि भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में न जाएं। शादी का मौसम है, शादी-समारोह में शामिल होने पर दो गज दूरी का पालन करें।
साथ ही मास्क अवश्य लगाएं। बताया कि जिले में अब तक 88 प्रतिशत लोगों को कोरोना की प्रथम डोज लगाई जा चुकी और करीब 38 प्रतिशत लोगों को दूसरी डोज लगाई जा चुकी है।
कहा कि जिन लोगों ने पहली डोज नहीं लगवाई है, वह नजदीकी वैक्सीनेशन केंद्र पर जाकर टीका अवश्य लगवा लें और जिन लोगों के दूसरी डोज का समय आ गया है, वह भी जल्दी से जल्दी पूर्ण प्रतिरक्षित हो जाएं।
फोकस सैंपलिंग नोडल अधिकारी डॉ. बीएल संजय ने बताया कि जनपद में रोजाना 4000 लोगों की सैंपलिंग का लक्ष्य रखा गया है, लेकिन रोजाना करीब 5000 लोगों की सैंपलिंग की जा रही है।
एक से तीन दिसंबर तक लगभग 136 शिक्षण संस्थानों में फोकस सैंपलिंग की गई। चार से छह दिसंबर तक 464 मेडिकल स्टोर और 73 निजी चिकित्सालय में फोकस सैंपलिंग हुई।
24 घंटे रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर आने वाले यात्रियों पर पैनी नजर रखकर उनकी सैंपलिंग की जा रही है। बताया कि ओमिक्रॉन को लेकर सतर्कता बरतते हुए जिला अस्पताल में महिला विंग जिसे एल-2 अस्पताल का दर्जा दिया दिया गया, उसमें सौ बेड तैयार कर दिए गए हैं और हर बेड पर ऑक्सीजन की व्यवस्था की गई है।
बताया कि जसवंतनगर में 30, बकेवर में 50, भरथना में 30 बेड तैयार किए गए हैं और सभी तरह की चिकित्सीय सुविधाओं को मुहैया कराया गया है।
बताया कि अब तक की जानकारी अनुसार जनपद में अभी तक कोई भी विदेश से नहीं आया, लेकिन आसपास के राज्यों से आने वाले लोगों पर विशेष नजर रखते हुए बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर सैंपलिंग की जा रही है।
कहा कि यदि किसी में भी कोरोना के लक्षण नजर आएं तो वह नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर निशुल्क जांच करवाएं।