जिले में नामांकन प्रक्रिया 24 जनवरी से शुरू होगी। इटावा, भरथना और जसवंतनगर विधानसभा सीटों के लिए कलक्ट्रेट परिसर में स्थित प्रशासनिक न्यायालयों में पर्चे दाखिल किए जाएंगे। नामांकन के वक्त प्रत्याशी और साथ आए लोगों का वीडियो भी बनाया जाएगा। उनकी टाइमिंग नोट होगी। बैरीकेडिंग के जरिये नामांकन एरिया को आम लोगों की आवाजाही से अलग कर दिया गया है। विकास भवन मार्ग नो व्हीकल जोन में तब्दील रहेगा। नामांकन सुबह 11 बजे से अपराह्न 3 बजे तक होंगे।
यूपी के तीसरे चरण के तहत जिले की तीनों विधानसभा सीटों पर चुनाव होगा। 24 जनवरी से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो रही है। प्रशासन ने इसकी तैयारी कर ली है। रविवार को डीएम शमीम अहमद ने कलक्ट्रेट पहुंचकर तैयारियों की समीक्षा की। कलक्ट्रेट स्थित डीएम, एडीएम व एसडीएम कोर्ट को नामांकन स्थल के दायरे में रखा गया है। इस एरिया में सिर्फ प्रत्याशियों एवं उनके प्रस्तावकों की ही आवाजाही रहेगी।
नामांकन के लिए परिसर की चार स्तरीय सुरक्षा रहेगी। सबसे पहले डीएम व अंबेडकर चौराहों पर बैरियर रहेंगे। इन चौराहों से आगे कलक्ट्रेट की ओर किसी भी वाहन की आवाजाही नहीं रहेगी। इसके बाद निर्वाचन कार्यालय गेट पर सुरक्षा कर्मी तैनात रहेंगे। कलक्ट्रेट के अंदर सिर्फ चुनिंदा लोग ही प्रवेश कर सकेंगे। नामांकन स्थल की ओर जाने वाले मार्ग पर भी बैरियर रहेगा। सबसे अंत में नामांकन कक्ष के बाहर भी सुरक्षा बलों की तैनाती रहेगी। जहां से प्रत्याशी और उनके प्रस्तावक ही अंदर दाखिल हो सकेंगे।
यहां दाखिल होंगे पर्चे
जसवंतनगर विधानसभा क्षेत्र का नामांकन एडीएम कोर्ट में रिटर्निंग आफीसर हंसराज यादव के समक्ष, इटावा का एसडीएम सदर कोर्ट में आरओ सुभाष चंद्र प्रजापति और भरथना सुरक्षित सीट का नामांकन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट कोर्ट में एसडीएम भरथना गोरेलाल शुक्ल के समक्ष दाखिल किया जा सकेगा। आरओ के अलावा जसवंतनगर, सैफई, इटावा, भरथना, चकरनगर के तहसीलदार व बसरेहर बीडीओ एआरओ के तौर पर तैनात रहेंगे।
नामांकन से जुड़ी तिथियां
नामांकन प्रक्रिया 31 जनवरी तक चलेगी। 1 फरवरी को नामांकन पत्रों की जांच और 3 फरवरी को नाम वापस लिए जा सकेंगे। इसके बाद 19 फरवरी को मतदान होगा।
जमानत राशि 5 व 10 हजार
चुनाव आयोग ने प्रत्याशियों के लिए दो श्रेणी में जमानत राशि निर्धारित की है। ये सामान्य के लिए 10 हजार और अनुसूचित जाति/ जनजाति के लिए 5 हजार रुपये रखी गई है।
दस साल की बकायेदारी का लगेगा हलफनामा
प्रत्याशी को इस बार 10 वर्ष के शासकीय बकायेदारी का भी शपथ पत्र देना होगा। अर्थात उस पर उक्त अवधि तक का कोई सरकारी बकाया नहीं होना चाहिए। इसमें बिजली, पानी, दूरभाष, नगरपालिका, जिला पंचायत आदि शामिल होंगे। जिनका अदेय प्रमाण पत्र भी देना होगा।