बकेवर (इटावा)। कस्बा लखना में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान भोगनीपुर नहर झाल पुल पर डूबे 22 वर्षीय युवक का 48 घंटे बीत जाने के बाद भी कोई सुराग नहीं लगा है। लखना चौकी के दरोगा व सिपाही औरैया जिले तक नहर को खंगालने में जुटे रहे। लेकिन डूबे युवक का कोई सुराग नहीं लग सका।
कस्बा लखना स्थित झालनहर पुल पर गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के वक्त कस्बा के ठाकुरान मुहाल निवासी पीयूष दिवाकर पुत्र गणेश दिवाकर नहर में डूब गया था। तब ये 48 घंटे गुजर गए। युवक का कहीं कोई पता नहीं चला है। लखना चौकी के उपनिरीक्षक उमेश यादव, सिपाही विष्णु कुमार, रमन कुमार ने लखना नहर की पटरी से लेकर महासिंघपुर, गौतमपुरा व बहेड़ा से होकर औरैया जनपद की सीमा के अजीतमल व मुरादगंज व औरैया चिरहुली तक नहर के दोनों ओर खोजबीन की। लेकिन पीयूष का पता नहीं लगा। उधर उसकी मां, बहन, पिता व ताऊ का रो-रो कर बुरा हाल है।
मूर्तियों में फंसे होने का कयास
पीयूष का पता न लग पाने पर ग्रामीण अपने-अपने कयास लगा रहे हैं। कई ग्रामीणों ने कहा कि झाल पुल के नीचे मूर्तियों का विसर्जन हुआ। हो सकता है कि युवक कहीं उन्हीं मूर्तियों में फंसा हो। हालांकि शुक्रवार को पीएसी गोताखोर ने काफी प्रयास किए थे। फिर भी युवक का पता नहीं लगा था। उधर, पीयूष के नहर में कूदने के वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। बकेवर थाना प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार शुक्ला ने कहा कि नहर की चौकसी कराई जा रही है। शायद किसी झाड़ में शव न फंसा हो।