बलराम सिंह चौराहा स्थित बंद नर्सिंग अस्पताल
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इटावा। आयुर्वेदिक चिकित्सकों को सर्जरी की अनुमति देने और चिकित्सा पद्धतियों को मिलाने (मिक्सोपैथी) के विरोध में शुक्रवार को निजी चिकित्सकों ने ओपीडी बंद रखी। इससे करीब दस हजार मरीज इलाज के लिए परेशान रहे। पक्का तालाब स्थित आईएमए भवन में बैठक करने के बाद चिकित्सकों ने प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
आईएमए के अध्यक्ष डॉ. वीके गुप्ता ने कहा कि मिक्सोपैथी के विरोध में राष्ट्रव्यापी बहिष्कार के तहत ओपीडी बंद रखी है। लेकिन, इमरजेंसी व कोविड संबंधी मरीज को ही देखेंगे। आईएमए की मांग है कि मिक्सोपैथी को लागू न किया जाए। उन्होंने कहा आयुर्वेद को सरकार बढ़ावा दे, रिसर्च सेंटर खोले उसके खिलाफ नहीं हैं, लेकिन मिक्सोपैथी को बढ़ावा न दिया जाए।
उन्होंने कहा ऐसा करने से विदेशों में डॉक्टरों की साख गिरेगी। बताया मिक्सोपैथी के खिलाफ आईएमए 8 दिसंबर को दो घंटे का कार्य बहिष्कार आंदोलन कर चुके हैं। इस दौरान अध्यक्ष डॉ. वीके गुप्ता, सचिव डॉ. संजीव यादव, वित्त सचिव डॉ. एससी गुप्ता, एमएल वाजपेयी, डॉ. मनोहर सिंघल, डॉ. सीएस दुबे, डॉ.डीके दुबे आदि उपस्थित रहे।