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फार्म भरें, 14 घंटे में बनेगा किसान क्रेडिट कार्ड

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इटावा। किसान सम्मान निधि का लाभ लेने वाले प्रत्येक किसान का क्रेडिट कार्ड बनाया जाएगा। इसके लिए जिला प्रशासन ने विशेष अभियान शुरू किया है। किसान को केवल एक फार्म भरकर देना है। बैंक महज 14 घंटे के अंदर उसका केसीसी बना देगा। अगर बैंक प्रबंधक ने हीलाहवाली की तो जिलाधिकारी उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई करेंगे। सोमवार से शुरू हुआ विशेष अभियान 22 फरवरी तक चलेगा।
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जिले में करीब 65 हजार किसानों ने केसीसी बनवाए हैं। इसमें केवल 46414 केसीसी ही सक्रिय हैं, यानी ये किसान ही केसीसी से पैसों का लेनदेन कर रहे हैं। जिलेे में 1.97 लाख किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ मिला है। इसमें कुछ ही किसानों के केसीसी बने हैं। प्रदेश शासन प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि का लाभ लेने वाले सभी किसानों के केसीसी बनवाने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए हैं। जिला कृषि अधिकारी अभिनंदन सिंह ने बताया कि अभियान 22 फरवरी तक चलेगा। किसानों को अभियान की जानकारी देने की जिम्मेदारी लेखपाल, पंचायत सचिव, कृषि विभाग के टीएसी, बैंक सखी और स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को दी गई है। ये लोग गांव-गांव जाकर किसानों को केसीसी बनवाने के लिए प्रेरित करेंगे।
प्रशासन के पास है किसानों का ब्योरा
किसान सम्मान निधि का लाभ लेने के लिए किसानों ने खतौनी, आधारकार्ड, बैंक पासबुक का नंबर शपथपत्र के साथ दिया था। किसान के ब्योरा का तहसील से लेकर दिल्ली तक सत्यापन हो चुका है। केसीसी के लिए अब केवल ये पता करना है कि खेत में कौन से फसल बोई जा रही है, इसके लिए लेखपाल से इंतखाब लेना होगा।
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बैंक खंगालेंगे बिना केसीसी वालों का ब्योरा
1.97 लाख किसानों में किस किस के केसीसी नहीं बनें है, ये खंगालने की जिम्मेदारी लीड बैंक को दी गई है। लीड बैंक सभी बैंकों को किसान सम्मान निधि पानी वालों की सूची देगा। बैंक अपने अपने बैंकों में देखेंगे कि सम्मान निधि पाने वाले किसान का केसीसी नहीं बना है। ये ब्योरा लीड बैंक कृषि विभाग को देगा, फिर कृषि विभाग लेखपाल, सचिव और टीएसी के जरिये किसानों के केसीसी बनवाएंगे।
किसान खुद कर सकते हैं बैंक में संपर्क
सम्मान निधि पाने वाले जिन किसानों का केसीसी नहीं बना है वे सीधे बैंक में संपर्क कर सकते हैं। किसानों को उसी बैंक में संपर्क करना है जिस बैंक के खाते में उनकी सम्मान निधि का पैसा आ रहा है। बैंक में किसनों को एक फार्म भरना होगा। फार्म के साथ खतौनी, इंतखाब, आधार कार्ड की फोटो कॉपी, तीन फोटो बैंक को देनी होगी। सभी जरूरी कागजों के साथ फार्म भरने के 14 घंटे के अंदर बैंक केसीसी बनाकर दे देगा। अगर बैंक से 14 घंटे में केसीसी नहीं बनता है तो किसान जिला कृषि अधिकारी, उपायुक्त कृषि और जिलाधिकारी से शिकायत कर सकते हैं।
तीन लाख के केसीसी तक कई शुल्क माफ
जिला कृषि अधिकारी अभिनंदन सिंह ने बताया कि 3 लाख रुपये तक के केसीसी पर शासन ने कई शुल्क माफ कर दिए हैं। अब किसानों को अभिलेखीय शुल्क, प्रक्रिया शुल्क और निरीक्षण शुल्क नहीं देना होगा। इससे किसानों का 600 रुपये से अधिक बचेंगे। कृषि अधिकारी ने कहा कि अगर किसी बैंक में ये शुल्क मांगा जाए तो किसान शिकायत करें।
कृषि लागत के लिए केसीसी बनवाएं किसान
जिलाधिकारी जेबी सिंह ने कहा कि किसानों को कृषि लागत के लिए केसीसी का लाभ उठाना चाहिए। इसमें कम ब्याज पर किसानों को आसानी से बैंकों से पैसा मिलता है। डीएम ने अभियान को लेकर बैंक और कृषि अधिकारियों के साथ बैठक भी की। इसमें उन्होंने कहा कि सभी बैंकों के बाहर प्रबंधक केसीसी अभियान के प्रचार संबंधी बैनर लगवाएं। सीडीओ राजा गणपति आर से कहा कि पंचायत सचिवों, ग्राम विकास अधिकारियों के माध्यम से किसानों को जागरूक करें।
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