श्री 1008 श्री मज्जिनेंद्र जिनबिंब पंचकल्याणक प्रतिष्ठा विश्व शांति महायज्ञ एवं गजरथ महोत्सव का आयोजन बुधवार को विधि-विधान के साथ इकदिल में होगा। कार्यक्रम को आचार्य श्री 108 विवेक सागर जी महाराज के सानिध्य में होगा। आयोजन को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
श्रद्धालुओं के लिए एक विशाल पंडाल एवं पंचकल्याणक प्रतिष्ठा के लिए भव्य शिला का अस्थाई निर्माण कराया गया है। प्रथम दिन 21 जनवरी को सुख शांति समृद्धि के लिए भगवान महावीर स्वामी विधान एवं ध्वजारोहण होगा।
आचार्य विवेक सागर जी महाराज ने बताया कि 22 जनवरी को संकट मोचन महाविधान विश्व के संकटों को दूर करने के लिए किया जा रहा है। इसके साथ ही विद्वानों की संगोष्ठी होगी जिसमें 24 जनवरी तक प्रतिदिन तीन-तीन बार विद्वानों द्वारा ज्ञान अर्जन कराया जाएगा।
जबकि 23 जनवरी को इकदिल जैन मंदिर से प्रात: 9 बजे महिलाओं द्वारा घटयात्रा निकाली जाएगी, जिसमें महाराष्ट्र के बैंड व तंशा विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगे। जहां मंडल शुद्धि आदि के कार्य होंगे। शाम संध्या में श्रीजी की महाआरती बाहरी कलाकारों द्वारा होगी।
24 जनवरी को सुबह सात बजे पूजन अभिषेक होगा। रात में आठ बजे राजा समुद्र विजय का राज दरबार, महारानी के सोलह सपनों के दर्शन के साथ गोद भराई होगी।
आचार्य श्री ने बताया कि इटावा के इतिहास में इकदिल में इस बार का आयोजन पहली बार हो रहा है। ऐसा आयोजन अभी तक कभी नहीं हुआ। 26 जनवरी को इटावा से निकलने वाली नेमीकुमार की बारात 12 किलोमीटर की दूरी तय करके इकदिल पहुंचेगी। जो आकर्षण का केंद्र रहेगी। संपूर्ण कार्यक्रम का सीधा प्रसारण जिनवाणी चैनल पर दिखाया जाएगा।
पंचकल्याणक महोत्सव में 25 जनवरी को कार्यक्रम स्थल पर तीर्थकर नेमी कुमार पर हैलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी, जो पूरे कार्यक्रम स्थल के साथ श्रीजी के ऊपर पुष्प वर्षा करेगा।