सिविल लाइन थाना पुलिस ने नौकरी का झांसा देकर और सीबीआई का रौब गांठकर लोगों के साथ ठगी करने वाले फर्जी सीबीआई इंस्पेक्टर को धर दबोचा। पुलिस ने उसके कब्जे से प्रेस, सीबीआई का फर्जी आई कार्ड, मोहरें व नशीला पदार्थ भी बरामद किया है। पुलिस ने उसे जेल भेज दिया।
सिविल लाइन चौकी प्रभारी रामबाबू सिंह अपने हमराह फोर्स के साथ गश्त पर थे। तभी मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि लॉयन सफारी के पास एक युवक मौजूद है। वह लोगों को सीबीआई का इंस्पेक्टर बताकर रौब गांठ रहा है। इसी सूचना पर पहुंची पुलिस ने उससे पूछताछ शुरू की, पहले तो उसने पुलिस कर्मियों को भी दबाव में लेने का प्रयास किया, लेकिन थोड़ी ही देर में उसकी पोल खुल गई।
पुलिस उसे पकड़कर थाने ले आई और उसका आई कार्ड अपने कब्जे में ले लिया। जांच में आई कार्ड फर्जी मिलने पर पुलिस ने उसके पास मौजूद बैग की तलाशी ली तो उसमें से कई प्रेस कार्ड के अलावा मोहरें व नशीला पदार्थ भी बरामद हुआ। पुलिस ने जब उससे सख्ती से पूछताछ की तो वह टूट गया।
उसने पुलिस को बताया कि वह सीबीआई इंस्पेक्टर बनकर लोगों पर धौंस जमाता है और उनसे अवैध वसूली करता था। इसके अलावा वह लोगों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर रुपये ऐंठता था। पूछताछ में उसने अपना नाम पंकज मेहरा पुत्र राकेश मेहरा निवासी आगरा रोड नई मंडी मैनपुरी बताया। एसओ भरत कुमार पांडेय ने बताया कि वह मूल रूप से कोकपुरा थाना सिविल लाइन का रहने वाला है।
वह फर्जी सीबीआई इंस्पेक्टर बनकर लोगों से टप्पेबाजी कर वसूली करता है। उसको एनडीपीएस व धोखाधड़ी की धाराओं में कार्रवाई करके जेल भेज दिया है।