जिला अस्पताल के डाक्टरों ने एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद 40 वर्षीय महिला के यूरिन ब्लैडर से अमरूद के आकार की पथरी को ऑपरेशन के माध्यम से सफलता पूर्वक बाहर निकाल लिया। महिला के पेट से निकाली गई पथरी का वजन 300 ग्राम है। ऑपरेशन के बाद महिला की हालत सामान्य बताई जा रही है। जिला अस्पताल में इतनी बड़े आकार की पथरी का पहली बार सफल ऑपरेशन किया गया है।
इकदिल निवासी छोटेलाल की 40 वर्षीय पत्नी मीरा देवी को कई दिनों से पेट में दर्द तथा पेशाब के दौरान कुछ ज्यादा ही दर्द की शिकायत थी। पैथोलाजिकल तथा अल्ट्रासाउंड जांच के बाद पता चला कि मीरा के यूरिन ब्लैडर में पथरी है। डाक्टरों ने विचार विमर्श के बाद महिला को ऑपरेशन के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कर लिया।
शनिवार को सर्जन डा. एके सिंह, डा. पियूष तिवारी तथा बेहोशी के डाक्टर एके पालीवाल, सिस्टर उर्वशी की टीम ने एक घंटे की मशक्कत के बाद मीरा के यूरिन ब्लैडर से 300 ग्राम वजन की पथरी निकाल ली। पथरी का आकार देखकर डाक्टर भी दंग रह गए।
पथरी की चौड़ाई 6.5 सेमी तथा लंबाई 9.5 सेमी बताई गई है। डाक्टरों का मानना है कि महिला के शरीर में कम से क म दस साल से यह पथरी थी। यदि पथरी न निकाली जाती तो महिला की जान को खतरा हो सकता था। जिला अस्पताल के इतिहास में इतनी बड़ी पथरी को पहली बार ऑपरेशन के माध्यम से बाहर निकाला गया है।
महिला की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी कि वह प्राइवेट अस्पताल का खर्चा वहन कर पाती। ऑपरेशन टीम के डाक्टर पियूष तिवारी ने बताया कि खराब तथा दूषित पानी पीने तथा शरीर क ी आवश्यकता से कम पानी पीने पर इस प्रकार की पथरी यूरिन ब्लैडर में हो जाती है।