इटावा। डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों पर लगाम लगाने और विद्यार्थियों को जागरूक करने के उद्देश्य से शहर में स्थित केके कॉलेज में बुधवार को एक दिवसीय साइबर सिक्योरिटी जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। प्राचार्य प्रो. महेंद्र सिंह ने कहा कि कम पढ़े-लिखे लोगों की तुलना में उच्च शिक्षित लोग साइबर फ्रॉड और डिजिटल अरेस्ट जैसे अपराधों का शिकार अधिक हो रहे हैं।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रो. आरके द्विवेदी ने किया। मुख्य अतिथि ने बताया कि कुलपति प्रो. विनय पाठक के मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय ने नई शिक्षा नीति के तहत साइबर सुरक्षा का वोकेशनल कोर्स शुरू किया है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को न केवल डिग्री दिलाना है, बल्कि उन्हें साइबर हमलों से बचने के लिए तकनीकी रूप से सक्षम बनाना भी है। आईआईटी से आए विशेषज्ञ अंबरीष खरे ने बताया कि कोर्स को इस तरह डिजाइन किया गया है कि विद्यार्थी क्विज और कॉन्सेप्ट के माध्यम से आसानी से सुरक्षा के तरीके सीख सकें।