सैफई (इटावा)। एक्सप्रेसवे पर फिरोजाबाद के कठफोरी में गंभीर रूप से घायल बस यात्री की जेब से दस हजार रुपये पार कर दिए गए। आईसीयू में भर्ती अज्ञात मरीज के बेटे ने पहचान के बाद यह आरोप लगाया है।
उसका कहना है कि रिक्शा चालक पिता दिल्ली से रुपये लेकर चले थे। हादसे में मृत 14वें व्यक्ति की भी पहचान हो गई है। वह भी बिहार का था, परिजन पोस्टमार्टम कराकर शुक्रवार को शव ले गए। एक्सप्रेसवे पर हुए बस-ट्रक हादसे में 14 लोगों की मौत हो गई थी। 25 लोग घायल हुए थे। इसमें एक मृतक और एक घायल की पहचान नहीं हो पाई थी। मृतक की जेब में मिले टिकट में विनोद कुमार लिखा था। खबरों में नाम देखकर परिवार को लोग गुरुवार सुबह सैफई पीजीआई पहुंचे और शव की शिनाख्त की। विनोद कुमार पुत्र रामाधार यादव बिहार के मनहोली इमलिया जिला गोपालगंज का रहने वाला था।
आईसीयू में भर्ती गंभीर घायल की पहचान उसके बेटे ने की। सुबह मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आदेश के पास 22 वर्षीय एक युवक पहुंचा, उसने अपना नाम आलम गिरी निवासी फेनहारा, मोतिहारी जिला पूर्वी चंपारण बताया। उसने कहा कि मेरे पिता बस से दिल्ली से लौट रहे थे। उनका फोन नहीं लग रहा है। चिकित्सा अधीक्षक आईसीयू में भर्ती अधेड़ को ले जाकर दिखाया। आलम ने उनकी पहचान पिता सिराज आलम पुत्र अब्दुल हमीद के रूप में की। आलम गिरी ने बताया कि परिवार बहुत गरीब है। पिता दिल्ली में रिक्शा चलाते हैं, उसी से परिवार का खर्च चलता है। पूरा परिवार गांव में रहता है। पिता बस में दिल्ली से गांव लौट रहे थे। दोपहर तीन बजे उनसे बात हुई थी। हादसे की खबर समाचारों में देखी तो शाम को फोन लगाया। फोन कोई और उठा रहा था। कई बार फोन करने पर उसने बताया कि हादसा स्थल पर फोन मिल है। आलम गिरी ने बताया कि घर में रुपये भी नहीं थे। रिश्तेदार से रुपये उधार लेकर यहां पहुंचे हैं। आलम ने बताया कि पिता दस हजार रुपये लेकर घर लौट रहे थे। ये रुपये उसे मिले नहीं हैं। आलम ने बताया गुरुवार रात पीजीआई पहुंचा तभी आईसीयू में अज्ञात के भर्ती होने की जानकारी हो गई थी। सुबह बड़े डॉक्टर से मिलने का इंतजार कर रहा था। चार्जिंग के दौरान कोई मोबाइल भी चोरी कर ले गया। डॉ. आदर्श ने बताया कि मरीज की जेब से रुपये नहीं मिले हैं।
13 घायलों को परिवार के लोग ले गए
बस-ट्रक हादसे में घायल 25 लोगों को बुधवार रात सैफई पीजीआई में भर्ती कराया गया था। डॉ. आदेश ने बताया कि 13 घायलों को उनके परिजन यहां से रेफर कराकर अपने घरों के आसपास के अस्पतालों में लेकर चले गए हैं। अब पीजीआई में 12 घायल भर्ती हैं। उनका इलाज किया जा रहा है। सिराज आलम के अलावा अन्य घायलों की हालत खतरे के बाहर है। पीआरओ अनिल पांडेय ने बताया कि दो हादसों में 31 लोग घायल हुए थे, उन्हीं की सूची जारी की गई थी। छह घायल दूसरे हादसे के हैं।