फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इटावा ः सीएए, एनआरसी के विरोध में राशिद अनशन पर

विज्ञापन
रविवार को सीएए एनआरसी के खिलाफ शास्त्री चौराहे पर कांग्रेसियों ने भूख हड़ताल एवं सत्याग्रह किया - फोटो : ETAWHA
विज्ञापन
इटावा। रविवार को शास्त्री चौराहे पर सीएए, एनआरसी, एनपीआर के खिलाफ कांग्रेसियों ने भूख हड़ताल एवं सत्याग्रह किया। पूर्व शहर अध्यक्ष मोहम्मद राशिद खान सुबह से ही शास्त्री चौराहे पर भूख हड़ताल पर बैठ गए। बाद में उन्होंने अपनी भूख हड़ताल को आमरण अनशन में बदल दिया। उन्होंने कहा कि सीएए व एनआरसी जैसे राष्ट्र विरोधी कानूनों को जब तक वापस नहीं लिया जाएगा वे आखिरी सांस तक भूखे रहकर संघर्ष करते रहेंगे। सुबह से ही कांग्रेस जिलाध्यक्ष मलखान सिंह यादव, शहर अध्यक्ष पल्लव दुबे, पूर्व विधानसभा प्रत्याशी कोमल सिंह कुशवाहा, युवा नेता अरुण यादव ने भी उनकी इस भूख हड़ताल का समर्थन किया और उनके साथ दिन भर बैठे रहे।
विज्ञापन

बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार व महिलाओं पर हो रहे अत्याचार तथा किसानों की समस्याओं और भाजपा सरकार की जन विरोधी नीतियों के खिलाफ सत्याग्रह का एलान करते हुए कांग्रेस जिलाध्यक्ष मलखान सिंह यादव ने कहा कि जीडीपी, महंगाई, बेरोजगारी, रोजी- रोटी की बात न हो इसलिए भाजपा सरकार सीएए और एनआरसी की बात कर आम जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश कर रही है। सीएए व एनआरसी जैसे देश विरोधी कानून लाकर सरकार देश को बांटने का काम किया जा रहा है। जबकि देश की आजादी में सभी जाति-धर्म के लोगों का योगदान रहा है।
शहर अध्यक्ष पल्लव दुबे ने कहा कि सीएए व एनआरसी देश के लिए घातक है। पूरा देश नोटबंदी के समय लाइन में लगा था। अब फिर एक बार यह मोदी सरकार एनआरसी के कागज बनवाने के लिए लाइन में लगाने का काम कर रही है। इसलिए सरकार की नीतियों के खिलाफ देश का बेरोजगार युवा आंदोलन कर रहा है। सत्याग्रह आंदोलन को वरिष्ठ कांग्रेसी नेताओं ने भी संबोधित किया। इस मौके पर काफी संख्या में कांग्रेसी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें