जसवंतनगर। दस दिवसीय दशलक्षण पर्व के समापन के बाद आश्विन कृष्ण पक्ष प्रतिपदा के अवसर पर रविवार को श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर में जलधारा कार्यक्रम श्रद्धा और भक्ति के साथ संपन्न हुआ।
कार्यक्रम मुनि श्री 108 भाव सागर महाराज के सानिध्य में हुआ। मंदिर परिसर श्रद्धालुओं से खचाखच भरा रहा। विधि-विधान और मंत्रोच्चार के बीच श्रद्धालुओं ने श्रीजी का जलधारा, इक्षुरस धारा, घृत धारा, दूध धारा, दही धारा और सर्वौषधि धारा से अभिषेक किया। विभिन्न पात्रों से भगवान के समक्ष धारा अर्पित कर श्रद्धालुओं ने पुण्यार्जन किया।
अभिषेक एवं शांतिधारा के पुण्यार्जक समकित जैन रहे। चार इंद्र के रूप में अनुभव जैन, सुनील जैन, अनुपम जैन और विनीत जैन ने पुण्यार्जन किया।भगवान आदिनाथ ने समाज को ज्ञान, संस्कार और जीवन जीने की कला का मार्ग दिखाया। कार्यक्रम में सीओ आयुषी सिंह ने मंदिर पहुंचकर जैन समाज की धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों की सराहना की। कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में श्रद्धा, भक्ति और धार्मिक उल्लास का वातावरण बना रहा। (संवाद)