मृतक देवेंद्र पाल सविता का फाइल फोटो
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जसवंतनगर (इटावा)। थाना क्षेत्र के उतरई गांव निवासी एक युवक की हत्या कर हत्यारों ने शव खेत में फेंक दिया। सूचना पर एसएसपी वैभव कृष्ण सहित पुलिस अधिकारियों ने मौका मुआयना किया। खोजी कुत्ता भी हत्यारों के बारे में कोई सुराग नहीं लगा सका। पुलिस हत्या के कारण और हत्यारों का सुराग लगा रही है।
सोमवार की सुबह थाना क्षेत्र के ग्राम हरकूपुरा निवासी किसान लालता प्रसाद के खेत में एक युवक का शव मिला। शव की शिनाख्त ग्राम उतरई निवासी मुरारी लाल के 38 वर्षीय पुत्र देवेंद्र पाल सविता के रूप में की गई। मृतक के गले में कपड़े का फंदा कसा था। चेहरे पर गहरे
चोटों के निशान थे। भाई भारत सिंह ने बताया कि देवेंद्र पनकी कानपुर में बिजली विभाग में प्राइवेट बिजली का काम करता था। रविवार की शाम पनकी से वापस घर आ रहा था। इससे पहले देवेंद्र ने अपनी पत्नी सनोरमा देवी से रविवार रात 8 बजकर 13 मिनट पर मोबाइल पर बात कर बताया कि वह ग्राम प्रतापपुरा के पास आ गए हैं। उनके साथ दो हरकूपुर और दो लोग भैसान गांव के हैं। वह जल्दी घर पहुंच जाएंगे। घर नहीं पहुंचा तो लगा कि रात को आंधी, बारिश के कारण कहीं बीच के गांव में रुके होंगे। सुबह खेत में शव पड़ा होने की सूचना मिली।
सूचना पाकर मौके पर क्षेत्राधिकारी विजय बहादुर यादव, थाना प्रभारी प्रमोद कुमार पहुंचे। खोजी कुत्ता बुलाकर अपराधियों की खोजबीन शुरू की तो कोई सुराग हाथ नहीं लगा। उपनिरीक्षक सतीश कुमार, वैदपुरा थाना प्रभारी सत्येंद्र सिंह यादव समेत एसएसपी वैभव कृष्ण भी पहुंचे। उन्होंने पिता और पत्नी से अलग-अलग बातचीत की। पत्नी ने बताया कि रविवार रात करीब दो बजे मोबाइल पर उसी नंबर से मिस्ड काल आई तो उसने उसी नंबर पर बात करनी चाही। नंबर बंद मिला। भाई भारत सिंह ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई है। एसएसपी ने स्थानीय पुलिस को मामले की गहराई से जांच करने के निर्देश दिए हैं।