ऊसराहार (इटावा)। थाना क्षेत्र के गंगदासपुर गांव में गुरुवार सुबह सरसों की खड़ी फसल जोत रहे दबंगों ने विरोध करने पर वृद्ध महिला की गोली मारकर हत्या कर दी। इसके बाद फायरिंग करते हुए भाग निकले। घटना के पीछे जमीन विवाद के साथ ही प्रधानी चुनाव का भी विवाद बताया जा रहा है। वृद्धा के बेटे की तहरीर पर पुलिस ने ग्राम प्रधान व उसके दो बेटों सहित चार के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।
गंगदासपुर गांव निवासी अतर सिंह व हाकिम सिंह के बीच ग्राम प्रधान चुनाव व जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। पंचायत चुनाव में हाकिम सिंह की पत्नी जावित्री देवी और अतर सिंह के परिवार की कुसुमा देवी प्रधान पद पर आमने- सामने थे। जावित्री देवी ग्राम प्रधान चुन ली गई है। इसके बाद से दोनों के बीच विवाद गहरा गया।
बताया जाता है कि अतर सिंह के भाइयों सहित उसका एक खेत का चक लगभग 30 बीघा का है, जिसमें करीब एक बीघा जमीन पर हाकिम सिंह अपना अधिकार जताते रहे। इसी को लेकर दोनों में आए दिन विवाद होता रहा है। इस विवादित जमीन की मेड़बंदी के लिए हाकिम सिंह ने एवं नक्शा दुरुस्ती के लिए अतर सिंह ने एसडीएम कोर्ट में वाद दाखिल कर रखा है।
विवादित एक बीघा जमीन पर अतर सिंह ने सरसों की फसल बोई थी। गुरुवार तड़के करीब पांच बजे हाकिम सिंह व उनके बेटे ट्रैक्टर लेकर खेत में पहुंचे और सरसों की खड़ी फसल जोत कर गेहूं बो दिया। इसकी जानकारी मिलते ही अतर सिंह एवं उनकी पत्नी सोमवती (70) खेत में पहुंचे और ट्रैक्टर रोकने लगे। आरोप है कि खेत जोत रहे लोगों ने तमंचे से गोली मार दी।
सीने में गोली लगते ही सोमवती की मौत हो गई। इसके बाद आरोपी फायरिंग करते हुए भाग निकले। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मामले की जानकारी दी। अतर सिंह के बेटे सदन सिंह ने प्रधान पति हाकिम सिंह, उसके पुत्र प्रमोद यादव, सुबोध यादव एवं इसी गांव के अरविंद पुत्र जानकी प्रसाद पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। प्रभारी एसओ छोटे लाल ने बताया मौके से खड़ी फसल को जोतने में प्रयोग हुए ट्रैक्टर को बरामद कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
दबंग करना चाहते थे जमीन पर कब्जा
ऊसराहार। थाना क्षेत्र के गंगदासपुर गांव में एक बीघा जमीन दोनों परिवारों के बीच विवाद की वजह बनी है। इसको लेकर कोर्ट में वाद दायर है। फिर भी दोनों परिवार आए दिन मारपीट पर आमादा रहते हैं। आखिरकार इस विवाद में वृद्धा की गोली मार कर हत्या कर दी गई। मौके पर मृतक सोमवती की फसल खेतों में खड़ी थी। इसके बाद भी प्रधान ने साठ-गांठ कर लेखपाल को लेकर दो दिन पहले ही पैमाइश कराने पहुंच गए थे। लेकिन विरोध के कारण पैमाइश नहीं हो सकी थी।
अतर सिंह के परिवार का एक चक आरोपी हाकिम सिंह के खेतों के पास है। जिस पर दोनों दावा करते हैं। हाकिम सिंह को अपने चक का रकबा कम होने का अंदेशा था। उन्हें शक था कि अतर सिंह अधिक जमीन पर कब्जा किए है। बाद में हाकिम सिंह की पत्नी प्रधान चुन ली गई थीं। उसके बाद से उन्होंने उसकी एक बीघा जमीन पर जबरन कब्जा करने का षडयंत्र शुरू कर दिया।
उसने लेखपाल के साथ मिलकर पहले पैमाइश करवाने का प्रयास किया लेकिन उसमें वह सफल नहीं हो सका। उधर, अतर सिंह अपने चक की मेड़बंदी कराने के लिए एसडीएम कोर्ट में वाद दायर कर दिया। जिसका मामला विचाराधीन है। लेकिन हाकिम सिंह व उसके पुत्र जमीन पर जबरन कब्जा करना चाहते थे।
सोमवती के पौत्र संजीव यादव ने बताया कि वह अपनी दादी के पीछे खेतों पर जा रहा था। दबंगों ने दादी को देखा और उन्हें गोली मार दी। इसके बाद वह जमीन पर गिर पड़ा । दबंग उसे भी गोली मारना चाह रहे थे, उसने बताया कि ग्राम प्रधान के दोनों पुत्र मास्टर हैं। पैसे का रौब दिखाकर क्षेत्र में दबंगई करते हैं। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है।
गांव में सन्नाटा, पुलिस तैनात
ऊसराहार। गंगदासपुर गांव में एक बीघा जमीन को लेकर दो परिवाराें में चली आ रही रंजिश आखिर खूनी रंजिश में बदल गई। गुरुवार को इसी रंजिश में वृद्धा की हत्या के बाद गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। इस बारे में गांव का कोई भी व्यक्ति मुंह खोलकर बोलने को तैयार नहीं है। गांव में मृतका के घर पर महिलाओं के चीखने चिल्लाने की आवाजें सुनाई देती हैं। वहीं आरोपियों के घर से सभी पुरुष फरार हैं। इनके घरों में सिर्फ महिलाएं ही रह गई हैं। पुलिस ने मौका मुआयना के बाद सुरक्षा की दृष्टि से गांव में पुलिस तैनात कर दी है। एसओ ने बताया कि हत्याकांड के सिलसिले में कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दो पुलिस टीमों का गठन किया गया है। आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार कर लिया जाएगा।