सैफ ई विकासखंड परिसर में आयोजित दो दिवसीय प्रादेशिक फ ल, शाकभाजी एवं पुष्प प्रदर्शनी का समापन रविवार को हो गया। समापन मौके पर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को आना था लेकिन उनका कार्यक्रम निरस्त हो गया।
उनकी गैरमौजूदगी में प्रमुख सचिव, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण दीपक त्रिवेदी तथा आयुक्त, कानपुर मंडल मोहम्मद इफ्तेख़ारुद्दीन ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर पुरस्कार वितरित किए। इस दौरान बच्चों ने आकर्षक रंगोली सजाई। किसानों को महत्वपूर्ण जानकारियां भी दी गईं।
पुरस्कार वितरण समारोह में विशेष सचिव, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण राजीव रौतेला, निदेशक उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग एस.पी.जोशी, सत्येन्द्र सिंह, उपाध्यक्ष लखनऊ विकास प्राधिकरण, जिलाधिकारी डा.नितिन बंसल, मुख्य विकास अधिकारी डा.अशोक चन्द्र तथा अपर निदेशक उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्कण डा.राणा प्रताप सिंह भी मौजूद रहे।
इस अवसर पर इटावा फ ल, शाकभाजी एवं पुष्प प्रदर्शनी समिति के अध्यक्ष/आयुक्त कानपुर मंडल मोहम्मद इफ्तेख़ारुद्दीन ने प्रदर्शनी के सफ ल आयोजन के लिए सभी प्रतिभागियों, विभिन्न विभागों, विशेष रूप से महिलाओं एवं बच्चों को बधाई दी।
प्रदर्शनी में स्कूली बच्चों की रंगोली तथा बच्चों एवं महिलाओं द्वारा प्रदर्शित की गई कलात्मक पुष्प सज्जा ने सबका मन मोह लिया। मंडलायुक्त ने कहा कि यह प्रदर्शनी फ ल, शाकभाजी एवं पुष्प उत्पादक कृषकों को उत्पाद प्रदर्शित करने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है।
राज्य सरकार द्वारा किसानों के हितार्थ विभिन्न बागवानी योजनाएं संचालित की जा रही हैं, ताकि मांग के अनुरूप आपूर्ति की जा सके। उन्होंने आशा व्यक्त की कि यह प्रदर्शनी बागवानी के क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खोलेगी।
पुरस्कार वितरण समारोह में प्रमुख सचिव, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग दीपक त्रिवेदी ने प्रादेशिक फ ल, शाकभाजी एवं पुष्प प्रदर्शनी की रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा बागवानी विकास को अधिक महत्व दिया जा रहा है।
इसके सार्थक परिणाम भी दिखाई दे रहे हैं। सरकार द्वारा बागवानी फसलों के उत्पादों के प्रसंस्करण हेतु उ0प्र0 खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति-2012 एवं उत्तर प्रदेश आलू विकास नीति-2014 की घोषणा की गई है, जिससे प्रदेश के उद्यमियों को प्रसंस्करण हेतु विशेष सुविधाएं प्राप्त होंगी एवं बागवानी फसलों के प्रति जागरूकता आएगी। निजी एवं राजकीय क्षेत्र के उद्यानों के बीच भी प्रतिस्पर्धा कराई गई है।
इस प्रदर्शनी में 30 सरकारी एवं गैर सरकारी विभागों के स्टाल लगाए गए। इन पर बागवानी के क्षेत्र में महत्वपूर्ण तकनीक और उत्पादों का प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शनी में 47 श्रेणियों तथा 564 वर्गों में प्रतियोगिता आयोजित कराई गई। इन सभी श्रेणियों के विजेताओं को शील्ड/चल वैजयंती तथा नगद पुरस्कारों से सम्मानित किया गया।
निदेशक उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण, एसपीजोशी ने फ ल, शाकभाजी, पुष्प, मसाला एवं औषधीय व सगंध पौधों का मानव जीवन तथा उनके स्वास्थ्य के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इस फसलों की खेती से उद्यानपतियों को जहॉ एक तरफ प्रति इकाई क्षेत्रफल में अपेक्षाकृत कम अवधि में अधिक आय प्राप्त होती है वहीं दूसरी ओर अन्य फसलों की अपेक्षा अधिक रोजगार के अवसर सृजित होते हैं।