फोटो 25::जर्जर पुलिया में फंसी बस। संवाद
- फोटो : जहांगीराबाद में सजा खाटू श्याम का दरबार।
भरथना। सालों से चली आ रही जिम्मेदारों की अनदेखी सोमवार को बड़े हादसे का कारण बन सकती थी। लखनऊ जा रही श्रद्धालुओं से भरी एक बड़ी बस कस्बे में पाली बंबा पुलिया पर मुड़ते वक्त जैसे ही उतरी उसका एक पहिया बंबा की ओर लटक गया। बस फंसने से सवारियों की सांस अटक गईं। चीखपुकार मची तो आसपास के लोग दौड़कर पहुंचे। रेस्क्यू कर सवारियों को आगे के गेट से धीरे-धीरे उतारा।
कस्बे की यह जर्जर पुलिया भरथना-बकेवर मार्ग पर है। सालों से इसकी हालत खस्ता है। रेलवे ट्रैक के ऊपर पुल बनने के बाद इस संकरी और जर्जर पुलिया से वाहन ओवर ब्रिज की ओर मुड़ते हैं। सोमवार को कस्बे से बच्चों महिलाओं समेत 50 श्रद्धालुओं को लेकर लखनऊ में आयोजित राधा स्वामी सत्संग जा रही बड़ी बस बंबा पुलिया से होकर गुजर रही थी।
तभी पुल की ओर मुड़ते वक्त जैसे ही बस पुलिया से उतरी, उसके पीछे का एक टायर बंबा की ओर लटक गया और बस के पलटने का खतरा हो गया। बस के पलटने के डर से चीख पुकार मच गई। पास ही हाईटेंशन लाइन होने से यह डर हो बढ़ गया। मदद को आसपास के लोग दौड़कर पहुंचे। सवार सभी को बस के आगे परिचालक के साइड वाले गेट से उतारा गया। उतरने के बाद श्रद्धालुओं की जान में जान आयी।
-क्षेत्रीय लोगों ने रोष प्रकट करते हुए अधिकारियों पर उपेक्षा का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बड़े वाहन भी इस पुलिया से गुजरते हैं, बावजूद इसके न ही जर्जर पुलिया को ठीक किया गया और न ही उसको चौड़ा किया गया। गांव अदियापुर निवासी राजकुमार, परमेश्वर दयाल, रामबाबू और मुकेश कुमार ने बताया कि जर्जर पुलिया के कारण आए दिन हादसे होते हैं। लेकिन, जिम्मेदारों को इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है। कई बार शिकायत कर चुके हैं।