इटावा। डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ के बैनरतले 14 सूत्री मांगों को लेकर डिप्लोमा इंजीनियरों का आंदोलन लगातार जारी है। मंगलवार को डिप्लोमा इंजीनियरों ने ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के कार्यालय के गेट पर मीटिंग कर अपनी मांगों को दोहराया। बाद में कलक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर खूब नारेबाजी की और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ अपनी 14 सूत्री मांगों के समर्थन में 22 अगस्त 2012 से आंदोलनरत है। इसी क्रम में लखनऊ में क्रमिक अनशन भी किया गया। मंगलवार को मांगों को लेकर बड़ी संख्या में डिप्लोमा इंजीनियर पक्का बाग स्थित ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के कार्यालय पर गेट मीटिंग की। इसके बाद जुलूस की शक्ल में कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के बाद डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
ज्ञापन में मांग की गई है कि सेवा नियमावली समूह ‘ख’ में आंशिक संशोधन के साथ वरिष्ठता के आधार पर जूनियर इंजीनियर से सहायक अभियंता के पदों पर प्रोन्नति कोटा 50 प्रतिशत किया जाए। सहायक अभियंताओं की प्रतिपूर्ति के लिए प्रभारी व्यवस्था के स्थान पर अधिसंख्य पदों की स्वीकृति लेकर ज्येष्ठता एवं सेवा नियमावली के अनुरुप चयन व्यवस्था लागू की जाए। सहायक अभियंता के 174 नए पदों के सृजन के अति विलंबित प्रकरण को वित्त विभाग से निस्तारित कराया जाए। बाद में पदाधिकारियों ने बताया कि लखनऊ में होने वाले आमरण अनशन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। इस मौके पर संगठन के कानपुर मंडल सचिव परमानंद, अध्यक्ष नरोत्तम सिंह, सचिव शैलेंद्र कुमार के अलावा जयहिंद चतुर्वेदी, जयशंकर प्रसाद, राकेशधर त्रिपाठी, एसएस यादव, रघुनंदन श्रीवास्तव, वीरेंद्र सिंह, जितेंद्र कुमार, हरीमोहन, महावीर सिंह, करन सिंह आदि मौजूद रहे।