किकिशोरी दिवस का आयोजन आठ मार्च से एएनएम सब सेंटर पर किया जाएगा। इस दौरान 11 से 14 वर्ष तक की किशोरी बालिकाओं का वजन, ऊंचाई की माप पीएनआई जांच की जाएगी। इस दौरान आयरन की टेबलेट का वितरण, नींबू के पानी के साथ किशोरी बालिकाओं को पोषण व स्वास्थ्य संबंधी जानकारी भी दी जाएगी।
इस बारे में जिला विद्यालय निरीक्षक राजू राणा ने बताया कि आयरन की टेबलेट के साथ दूध व चाय न ली जाए। भोजन में मेथी, पालक, बथुआ, सरसों, गुड़ आदि की मात्रा बढ़ाई जाने पर जोर दिया। इसके अलावा अंकुरित दालों को हरी पत्तेदार सब्जियों के साथ पकाकर खाएं। पोषण पखवाड़ा कार्यक्रम इस प्रकार है।
नौ मार्च को सैम (अति कुपोषित) बच्चों का चिन्हांकन कार्य तथा ग्राम पंचायत की बैठक आयोजित होगी। इसमें पुरुषों की सहभागिता अनिवार्य है। साथ ही मात्र शक्ति के सदस्यों को भी आमंत्रित किया जाएगा। चर्चा के विषय सैम व कुपोषित बच्चों के पोषण व स्वास्थ्य संबंधी जानकारी महिलाओं व एनीमिया का इलाज किया जाएगा।
10 मार्च को साइकिल रैली, पोषण से संबंधित जन जागरूकता बढ़ाने, वीरांगना दल की विशेष सहभागिता सुनिश्चित करने के अलावा प्रतिभागियों को गुड़ व चना का वितरण किया जाएगा।
कार्यक्रम के तहत 11 मार्च को स्कूलों में सुपोषण गोष्ठी, कुपोषण के प्रभाव एवं इलाज की जानकारी दी जाएगी। 12 मार्च को बैठक आयोजित होगी। पौष्टिक आहार, स्वच्छता, स्वास्थ्य,पोषण आदि से संबंधित जानकारी दी जाएगी।
जिसमें वीरांगना दलों की विशेष भागेदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। 13 मार्च को वीरांगना दल की ओर से प्रभात फेरी निकाली जाएगी। 14 मार्च को रेसिपी प्रदर्शन/प्रतियोगिता आयोजित होगी। इस दौरान महिलाएं मीठा,नमकीन दलिया एवं लड्डु प्रीमिक्स से बनाए हुए व्यजंनों का प्रदर्शन किया जाएगा।
15 मार्च को ममता दिवस का आयोजन किया जाएगा। परामर्श सत्र पोषण,स्वास्थ्य,स्तनपान,नवजात शिशु की देखभाल आयरन की गोलियों का सेवन नींबू पानी/संतरे के साथ किया जाएगा।