एटा। रविवार का दिन योग के नाम रहा। दिनचर्या के विपरीत लोग अल सुबह योग अभ्यास करते दिखे। शहर में दो प्रमुख स्थानों पर आयोजित सामूहिक शिविरों में लोगों की भीड़ उमड़ी। उत्साहित महिला पुरुष बच्चे सुबह से ही आयोजन स्थलों पर पहुंच गए। राजकीय इंटर कालेज, इंद्रपुरी पार्क, सरस्वती शिशु मंदिर, जिला कारागार, मानव कल्याण आश्रम आदि स्थानों पर रविवार सुबह ओम की गूंज सुनाई दी। सैकड़ों लोगों ने सामूहिक रूप से कपालभारती, अनुलोम विलोम, भ्रामरी, सूर्यासन किया। बीच बीच में राष्ट्रभक्ति के गीत अभ्यर्थियों को रोमांचित करते रहे।
अमर उजाला के साथ आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा इंद्रपुरी पार्क में आयोजित शिविर में सैकड़ों लोगों ने योग एवं प्राणायाम कर स्वस्थ शरीर-स्वस्थ भारत का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सांसद राजवीर सिंह राजू ने कहा कि योग हमारी संस्कृति है। निरोग काया एवं सबल राष्ट्र के लिए इसका अनुसरण जरूरी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल से आज योग भारत में ही नहीं विश्व के 193 देशों की पसंद बन गया है। उन्होंने कहा कि लेखनी के माध्यम से सामाजिक जागरूकता बढ़ा रहे अमर उजाला की यह पहल राष्ट्र निर्माण की स्वागत योग्य है। उन्होंने योगा भी किया। मुख्य प्रशिक्षक रमेश चंद्र राजौरिया, अवधेश मिश्र, सुमन खेमका, सीपी सिंह आदि ने विभिन्न योग-प्राणायाम के अभ्यास कराए।
पतंजलि योग समिति व भारत स्वाभिमान न्यास के तत्वावधान में राजकीय इंटर कालेज क्रीड़ास्थल पर आयोजित योग शिविर में उमड़ी हजारों योगार्थियों की भीड़ देखते ही बन रही थी। आचार्य व्यास के निर्देशों पर एक साथ योगाभ्यास कर रहे यह लोग अनुशासन की प्रेरणा दे रहे थे। अध्यक्षता कर रहे पूर्व एमएलसी हरनाथ सिंह यादव ने कहा कि योग भारत की देन है। मुख्य अतिथि सांसद राजवीर सिंह ने कहा कि योग के सहारे लोग बिना उपचार के स्वस्थ रह सकते हैं। पूर्व विधायक शिशुपाल सिंह यादव ने भी विचार रखे। प्रभारी डीएम साहब सिंह, डॉ. शिवनंदन यादव भी उपस्थित थे। पुलिस लाइन में भी योग शिविर लगा। योग प्रशिक्षक डॉ. अनुपम सक्सेना ने योग की क्रियाएं कराईं।
पर्व के रूप में मना योग दिवस
शहर में योग दिवस पर्व के रूप में मनाया गया। आयोजनों के चलते लोगों की दिनचर्या बदल गई। टहलना, खेलना, दूध लाना जैसे दैनिक कार्यों से विरत होकर लोग योग शिविरों में शामिल हुए। शहर के पार्क-मैदानों में अन्य दिनों की भांति खिलाड़ी नहीं दिखे। तो वहीं सड़कों, पार्कों, स्टेशन आदि पर अन्य दिनों की तरह सुबह टहलने वाले नहीं दिखाई दिए।
आगे भी जारी रहेगा शिविर
योग प्रशिक्षक जहां निर्देश देकर योगाभ्यास एवं प्राणायाम करवा रहे थे। वहीं इनके वालंटियर्स लोगों की भूल सुधार रहे थे। शिविरों में महिलाओं की खासा भीड़ दिखाई दी। आर्ट ऑफ लिविंग संस्था ने इंद्रपुरी में आयोजित शिविर को आगामी दिनों तक जारी रखने की घोषणा की।
दिखा राजनीतिक रंग
योग दिवस भी राजनीतिक रंग से नहीं बच सका। शहर में हुए आयोजनों में भाजपा, हिंदू संगठनों, सामाजिक संस्थाएं खासी सक्रिय रहीं। वहीं सपा, बसपा, कांग्रेस के प्रतिनधि, नेता ही नहीं मुख्य पदाधिकारी भी इनसे नदारद रहे। अल्पसंख्यक समाज की भी उपस्थिति न के बराबर रही।
योग हमारे ऋषि मुनियों की देन है। भारत की पहचान है। इसके सहारे हम स्वस्थ भारत-सशक्त भारत का निर्माण कर सकते हैं।
राकेश वार्ष्णेय, आयोजक योग शिविर, इंद्रपुरी
बिना योग के स्वस्थ भारत सशक्त भारत का सपना साकार नहीं हो सकता। लोगों में योग के प्रति बढ़ती जागरूकता अच्छा संकेत है।
विशाल अग्रवाल, वित्तीय सलाहकार, एटा
योग प्राणायाम से हम स्वस्थ एवं सक्रिय रहते हैं। यह कम समय का सर्वोत्तम शारीरिक व मानसिक व्यायाम है।
संजय सभरवाल, कारोबारी, एटा
स्टूडेंट्स के लिए योग-प्राणायाम वरदान हैं। नियमित अभ्यास से एकाग्रता ही नहीं लर्निंग पावर भी बढ़ती है।
अनुश्री द्विवेेदी, छात्रा, शांती नगर एटा