माता पथवारी मंदिर में स्थित मैया की मूर्ति। संवाद
मिरहची। कस्बे में मारहरा मार्ग पर स्थित माता पथवारी का मंदिर काफी प्राचीन है। यहां विराजमान माता को पूजने के लिए दूर-दूर से श्रद्धालु आते हैं। इस प्राचीन मंदिर का जीर्णोद्धार लगभग 20 वर्ष पूर्व कस्बे के ही श्रद्धालुओं ने कराया था। कस्बा व क्षेत्र में मंदिर की बहुत मान्यता है। माता के अलावा यहां खाटू श्याम, शनि देव, राधा-कृष्ण, राम दरबार, गंगा माता, काली माता, हनुमानजी, सांई बाबा आदि देव मूर्तियां भी स्थापित हैं। नवरात्र में इस मंदिर पर दर्शन कर पूजा करने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ दिन भर रहती है। शाम को महिलाएं कीर्तन, आरती के बाद लोगों को प्रसाद वितरित करती हैं।
माता पथवारी मंदिर की कस्बे व क्षेत्र में बड़ी मान्यता है। इस मंदिर की देखरेख, सफाई हम लोग प्रतिदिन करते हैं। माता मंदिर में दर्शन कर मन्नत मांगने दूर-दराज से श्रद्धालु आते हैं। मन्नत पूरी होने के बाद श्रद्धालु प्रसाद और चढ़ावा चढ़ाने के लिए आते हैं। -रामखिलाड़ी साहू, पुजारी
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परेशानी के क्षणों में माता रानी का स्मरण करने मात्र से सारे बिगड़े कार्य बन जाते हैं। उनकी कृपा सदैव कस्बा व क्षेत्र के श्रद्धालुओं पर बनी हुई है। माता रानी के दर्शनों से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और मन को शांति व सुकून मिलता है। -हरेश गांधी, श्रद्धालु