अलीगंज रोड स्थित विकास भवन परिसर में बुधवार को मांगों को लेकर धरने पर बैठे ग्राम विकास अधिकार
एटा। जिला मुख्यालय स्थित विकास भवन परिसर में बुधवार को ग्राम विकास अधिकारी व पंचायत सचिव पांचवें दिन भी धरने पर बैठे रहे। दिन भर निलंबित दो सचिवों की बहाली की मांग को लेकर आंदोलन जारी रहा। शाम को सीडीओ के आश्वासन के बाद उन्होंने धरना समाप्त कर दिय।
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. नागेंद्र नारायण मिश्र ने 1 नवंबर को निरीक्षण के दौरान सचिवालय बंद व परिसर में गंदगी मिलने पर दो सचिवों पर कार्रवाई की थी। कार्रवाई से नाराजगी जताते हुए सचिवों ने संघर्ष समिति के बैनर तले विकास भवन परिसर में धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया था।
बुधवार को संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष ने सुरेंद्र कुमार व रजनीश कुमार ने कहा कि निलंबित सचिवों को शीघ्र बहाल किए जाने की बात पर सीडीओ ने आश्वसन दिया है जिसके बाद धरना समाप्त कर दिया गया है।
सीडीओ ने बताया कि पांच दिनों से धरना दे रहे सचिवाें का आश्वासन दिया गया है। उनकी जायज मांगों को माना गया है। उन्होंने कहा कि पंचायताें में विकास कार्यों के प्रति किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।