एटा। थाना रिजोर क्षेत्र के गांव सेनाकलां में 17 वर्षीय किशोरी ने शोहदे की हरकतों से परेशान होकर विषाक्त पदार्थ खाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। हालत बिगड़ने पर परिजन किशोरी को लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। वहीं गृहकलह में एक वृद्ध ने तेजाब पी लिया। मेडिकल कॉलेज में उपचार के बाद दोनों की जान बचा ली गई।
किशोरी के पिता ने बताया कि पड़ोस में रहने वाला रानू बेटी को परेशान करता है। कई बार छेड़छाड़ कर चुका है। इसको लेकर 15 अक्तूबर को थाने में तहरीर भी दी गई। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। जिसके चलते उसकी हिम्मत और बढ़ गई। आए दिन वह बेटी को परेशान करने लगा। जिसके चलते बेटी मानसिक रूप से परेशान रहने लगी। तंग आकर उसने मंगलवार की सुबह घर में ही विषाक्त पदार्थ (चूहेमार दवा) का सेवन कर लिया। जब उसकी हालत बिगड़ी, तो हम लोगों को जानकारी हुई। जिसके बाद उसे लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। जहां उसका उपचार किया गया। उपचार के बाद जब सेहत में सुधार हुआ तो घर ले आए।
इसके अलावा चंद्रपाल (65) निवासी नगला पोता थाना कोतवाली नगर ने गृहक्लेश से तंग आकर तेजाब पी लिया। उसे मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद स्वस्थ होने पर छुट्टी कर दी गई। रिजोर थाना प्रभारी अल्का तोमर ने बताया कि आज तक इस तरह का कोई प्रार्थना पत्र प्राप्त नहीं हुआ है। जानकारी मिली तो कार्रवाई जरूर कराई जाती। पीड़ित पक्ष थाने पर आते हैं तो पूरी जानकारी कर आरोपी के विरुद्ध निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।