एटा। जिले में अपंजीकृत नर्सिंग होम व क्लीनिकों का संचालन नहीं हो सकेगा। डीएम ने जिले में संचालित निजी नर्सिंग होम व क्लीनिक संचालकों से अपने अभिलेखों की जांच कराने के निर्देश दिए हैं। 30 नर्सिंग होम संचालकों को 30 अप्रैल तक का समय दिया है।
जिलाधिकारी डॉ. विभा चहल ने बताया बिना डिग्री के जिले में कई क्लीनिक व नर्सिंग होम संचालित हैं। यहां इलाज करने वाले चिकित्सक मरीजों की जान से खिलवाड़ कर रहे हैं। उन्होंने बताया इसकी शिकायत लगातार आ रही हैं। इसी को लेकर चार सदस्यीय टीम का गठन किया गया है। जहां टीम में अपर जिलाधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, सहायक निदेशक अभियोजन, प्रभारी चिकित्साधिकारी (झोलाछाप) को रखा गया है।
उन्होंने जिले के प्राइवेट क्लीनिक, चिकित्सकों से अपेक्षा की है कि वह 30 अप्रैल तक अभिलेख समिति के समक्ष प्रस्तुत करें, साथ ही इस आशय का शपथ.पत्र भी दें कि डिग्री में अनुमन्य शर्तों के अनुरूप ही मरीजों का उपचार किया जाएगा।