एटा। शिक्षकाें की ऑनलाइन उपस्थिति को लेकर विरोध के बीच महानिदेशक की ओर से 27 जुलाई तक का समय दिया गया है। वहीं शिक्षकों का कहना है कि मांगे पूरी न होने पर आंदोलन जारी रखेंगे। बृहस्पतिवार को शिक्षकों ने बैठक कर यह निर्णय लिया।
बृहस्पतिवार को संयुक्त मोर्चा की बैठक रेलवे रोड पर बिजली घर के सामने हुई। निर्णय लिया गया कि संयुक्त मोर्चा की ब्लॉक स्तरीय टीम का गठन जल्द कर संयुक्त मोर्चा का विस्तार किया जाएगा। जिससे आगामी कार्यक्रमों को और भी ज्यादा सफल बनाया जाए। जब तक शिक्षकों की जायज मांगे नहीं मानी जाएंगी, जनपद में आंदोलन और तेज होता रहेगा।
संयुक्त मोर्चा के सह संयोजक वीरपाल ने कहा कि प्रदेश नेतृत्व के निर्देशन में आगे की रूपरेखा तय होगी। बताया कि 27 जुलाई तक का समय महानिदेशक को दिया गया है। इसमें शिक्षकों की जो मांगें हैं उनको लिखित में पूरा करने के संदर्भ में दिया जाए। नहीं तो नेतृत्व के निर्देशन में 29 जुलाई को व्यापक स्तर पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। जब तब मांगें पूरी नहीं हो जातीं यह धरना प्रदर्शन जारी रहेगा।
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष राकेश चौहान ने बताया कि कमेटी को दो माह का समय दिया गया है। उसकी रिपोर्ट का इंतजार है। अगर शिक्षकों की मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन किया जाएगा। बैठक की अध्यक्षता प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला मंत्री वीरपाल ने की। यूटा के जिलाध्यक्ष शशिकांत शर्मा एवं सह संयोजक अभिलाष सिंह, विशिष्ट बीटीसी वेलफेयर एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष प्रवेश बघेल, प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला कोषाध्यक्ष प्रवीण कुमार फौजी, मंत्री ओमवीर आदि रहे।