मूल्यांकन की गाज दर्जन भर परीक्षकों पर गिर गई है। कई विषय की कापियों में
अंकों का जोड़ ही गलत निकला। इस गंभीर लापरवाही के चलते शिक्षकों को 25
प्रतिशत पारिश्रमिक गंवाना पड़ा। गलतियों पर सीसी-16 (संशोधित प्रपत्र)
भरकर संशोधन की सूचना बोर्ड को भेज दी गई है।
अव्यवस्थाओ के बीच शुरू हुए मूल्यांकन का खामियाजा अंतत: परीक्षकों को
भुगतना पड़ेगा। दर्जन भर परीक्षकों पर लापरवाही की गाज गिरी। परीक्षकों के
25 प्रतिशत पारिश्रमिक कटौती पर भी मुहर लग गई। बताते चलें कि संशोधित
प्रपत्र वाली उत्तर पुस्तिकाओं के परीक्षकों का कुल पारिश्रमिक का चौथाई
भाग दंड के रूप में काटने के निर्देश हैं।
नाम न छापने की शर्त पर
शिक्षकों ने बताया कि समय रहते हुए मिली त्रुटियों में संशोधन करा दिया
गया। गंभीर खामियों पर कार्रवाई की गई है।
उपनियंत्रकों के अनुसार कुछ
कापियों टोटल में दो गुने का अंतर मिला है। कुछ कापियों में प्रश्न ही नहीं
जंचे। हाईस्कूल की दो कापियों में तो 25-25 अंकों का अंतर मिला। बताते
चलें कि राजकीय इंटर कालेज, श्री गांधी स्मारक मूल्यांकन केंद्र पर तीन-तीन
और हाईस्कूल मूल्यांकन केंद्र जीजीआईसी, क्रिश्चियन इंटर कालेज, आर्य
विद्यालय में दो-दो परीक्षकों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है।
उत्तर पुस्तिकाओं की वापसी की तैयारी
जिले
में आईं सवा पांच लाख बोर्ड उत्तर पुस्तिकाओं की वापसी की तैयारी है।
आंदोलन के बीच शुरू हुए मूल्यांकन कार्य के पूरा होने के बाद अधिकांश का
अंकेक्षण भी समाप्त हो गया। राजकीय इंटर कालेज में अंकेक्षण कार्य सोमवार
को पूरा होने की उम्मीद है। बोर्ड के निर्देशानुसार 25 अप्रैल तक समस्त
उत्तर पुस्तिकाएं संबंधित क्षेत्रीय कार्यालयों पर पहुंचने के निर्देश हैं।
सभी केंद्रों पर उत्तर पुस्तिकाओं के विषय और बोर्डवार बंडल तैयार किए गए
हैं। बुधवार तक सभी केंद्रों से उत्तर पुस्तिकाएं रवाना हो जाएंगी।