एटा। पुलिस लाइन में रविवार का एसएसपी ने हैड पेशकारों, कोर्ट मोहर्रिरों और पेरोकारों के कार्यों की समीक्षा की। बेहतर प्रदर्शन करने वालों को सम्मानित किया गया। एसएसपी ने कहा कि अपराधी पर मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेजना पुलिस की उपलब्धि नहीं है। पैरोकार सफल पैरवी के माध्यम से कम से कम समय में अपराधियों को सजा कराएं, यह भी जरूरी है।
एसएसपी राजेश कुमार सिंह ने कहा कि 10-15 वर्ष पूर्व से लंबित ऐसे मुकदमों की सूची बनाई जाए, जो अभी तक ट्रायल पर नहीं आए हैं। सभी पैरोकार मुकदमों की एक काॅजलिस्ट बनाकर 10 दिवस के अंदर दिखाएं कि किन मुकदमों में समन नहीं निकले तथा किनमें तारीख नहीं लगी है। सभी थाना प्रभारी देखें कि कौन से मुकदमे में फाइल दाखिल नहीं हुई है और किन संगीन अपराधों की पत्रावली दबा दी गईं हैं।
एसएसपी ने कहा कि गैंगस्टर एक्ट, टॉप–10 अपराधी और आर्म्स एक्ट के विचाराधीन अभियोगों की प्रभावी पैरवी की जाए। बेहतर प्रदर्शन करने वाले कोतवाली नगर प्रभारी सुधीर कुमार सिंह, बागवाला थाना प्रभारी नरेश सिंह सहित 30 उप निरीक्षक, मुख्य आरक्षी, आरक्षी और महिला आरक्षियों को पुरस्कृत किया गया।