जलेसर में मंगलवार को एक बार फिर बवाल मच गया। आंबडेकर जयंती पर दलित युवक को गोली मारे जाने का मामला अभी शांत नहीं हुआ था कि यहां पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की मूर्ति तोड़ दी गई। इसी बात को लेकर समाज के लोगों ने दलित युवकों पर आरोप लगाते हुए हंगामा कर दिया। इस दौरान दोनों ओर से पथराव हो गया।
एटा के जलेसर के गांव मोहनपुर में सोमवार रात शरारती तत्वों ने पथराव कर पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त कर दिया। मंगलवार सुबह लोधी समाज के लोगों ने दलित समुदाय पर आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया, फिर दोनों समुदाय आमने-सामने आ गए और जमकर पथराव हुआ। पुलिस ने कड़ी मशक्कत कर स्थिति संभाली। तहरीर मिलने पर कोतवाली पुलिस ने अज्ञात लोगों पर केस दर्ज किया है।
विज्ञापन
आंबेडकर जयंती पर सोमवार रात गांव में दलित समुदाय ने रैली निकाली थी। इस बीच कुछ शरारती तत्वों ने पथराव कर कल्याण सिंह की मूर्ति को क्षतिग्रस्त कर दिया। गांव बढ़नपुर के लोगों ने शरारती तत्वों को रोका तो उनके साथ मारपीट की गई और बाइकों की चाबी भी निकाल ली। रात होने के कारण मामला शांत हो गया।
मंगलवार सुबह जलेसर देहात के प्रधान शैलेंद्र सिंह राजपूत, धर्मेंद्र सिंह राजपूत, प्रधान रामजीलाल राजपूत तथा लोधी समाज के अन्य लोग इकट्ठा हो गए और प्रतिमा तोड़ने वाले लोगों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए हंगामा शुरू कर दिया। इस बीच, लोधी समाज के लोग गांव की दलित आबादी में लाठी-डंडों के साथ घुस गए। दोनों तरफ से पथराव शुरू हो गया। पुलिस दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास करती रही लेकिन पथराव नहीं रुका। मामला बढ़ता देख और पुलिस फोर्स बुलानी पड़ी।
विज्ञापन
एएसपी राजकुमार सिंह, एसडीएम भावना विमल, कोतवाली प्रभारी सुधीर राघव पुलिस बल सहित गांव में पहुंचे और लोधी समाज के लोगों को उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद मामला शांत हुआ। गांव के यादराम वर्मा की तहरीर पर अज्ञात लोगों के विरुद्ध केस दर्ज किया गया है।
एएसपी राजकुमार सिंह ने बताया कि जलेसर के गांव मोहनपुर में पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की प्रतिमा क्षतिग्रस्त हुई थी। इसके बाद दो समुदायों के नई उम्र के कुछ लड़कों ने पत्थर चला दिए। उन्हें समझाकर शांत करा दिया गया। एफआईआर दर्ज कर ली गई है। प्रतिमा क्षतिग्रस्त करने वाले अराजक तत्वों को चिह्नित किया जा रहा है।