एटा। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य परिवार कल्याण राज्यमंत्री अतुल गर्ग ने कहा कि अभिनेत्री दीपिका पादुकोण को सीएए की कोई जानकारी नहीं है, वह तो अपनी फिल्म छपाक के प्रमोशन के लिए जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) गईं थीं। फिल्म के प्रमोशन के लिए उन्हें इससे अच्छा मंच नहीं मिल सकता। हालांकि वह इसमें असफल रहीं। शनिवार को लोक निर्माण विभाग के अतिथि गृह में अमर उजाला से वार्ता में मंत्री ने कहा कि विपक्षी दल मुस्लिम समाज में भ्रम फैलाना चाहते हैं कि सरकार उन्हें देश से बाहर निकालना चाहती है, जो कि सफेद झूठ है।
विपक्षियों के धर्म निरपेक्षता संबंधी बयान पर उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान का बंटवारा धर्म के आधार पर हुआ। पाक में शरीया कानून लागू है, इसके आधार पर वहां किसी मुस्लिम का उत्पीड़न हम सोच भी नहीं सकते हैं। बंटवारे के समय पाक में रह गए हिंदुओं पर आज कुठाराघात किया जा रहा है। सरकार चाहती है कि वहां उत्पीड़न और शोषण का शिकार लोगों को भारत में रहने का अधिकार मिलना चाहिए। आखिर भारत में नहीं तो वह कहां जाएंगे।
तथाकथित बुद्धिजीवियों पर भी उन्होंने कड़ा प्रहार किया। कहा कि जब हिंदुस्तान में अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार पोखरण में परमाणु बम का विस्फोट करती है, तो यह लोग उसे गौरव नहीं मनाते हैं। पुलवामा अटैक के बाद जब सर्जीकल स्ट्राइक की जाती है तो इसे राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक मानने के बजाए यह लोग उदास दिखते हैं। वहीं तीन तलाक पर मोमबत्तियां तो जलाते हैं, पर सरकार जब महिलाओं के उत्पीड़न पर कानून बनाती है तो ये लोग सरकार के समर्थन के बजाए विरोध करते हैं ऐसे में समझ नहीं आता कि यह कैसे मानवतावादी हैं।