राजकीय जिला कृषि एवं औद्योगिक विकास प्रदर्शनी पांडाल में सोमवार रात को अखिल भारतीय कवि सम्मेलन में कवियों ने जमकर व्यंग्य किए। कवियों को सुनने के लिए श्रोताओं की भीड़ सुबह तक जमी रही।
टूंडला से आए कवि लटूरी लट्ठ ने कविता ‘पेट की खातिर लड़ना सबकी मजबूरी है, जीना है तो हंसना बहुत जरूरी है।’ नोएडा से आए कवि मुकेश शर्मा ने बिसाहड़ा कांड पर टिप्पणी की। वहीं कोलकाता के कवि पवन बांके बिहारी ने ‘जब किसी आम आदमी के घर में शीला जवान होती है, ए मां रात के सन्नाटे में रोती है।’ कवि अयूब गौरी ने ‘हम सिर कटवाने सरहद पर बनकर दीवाने निकले हैं।’ हास्य कवि पद्मश्री सुरेंद्र शर्मा ने पत्नियों से पीड़ित पतियों की व्यथा पर श्रोता खूब लोट पोट हुए। मथुरा से आई कवियत्री पूनम वर्मा ने पढ़ा कि ‘चलो आज बस खो जाएं हम एक दूजे के प्यार में, क्या तुम इसके लिए मुहूर्त देखोगे अखबार में।’ इसके बाद प्रख्यात कवि पद्मश्री सुनील जोगी ने रचनाओं के जरिए राजनीतिक हालातों पर टिप्पणी की। सरदार प्रताप फौजदार ने भी हास्य रचनाओं से श्रोताओं को खूब गुदगुदाया। पद्मश्री अशोक चक्रधर, अरुण जैमिनी, विष्णु सक्सेना, ओमपाल सिंह निडर, नरेंद्र बंजारा ने भी अपनी रचनाओं से श्रोताओं को आनंदित किया। कवि सम्मेलन का संचालन शशिकांत यादव देवास और शशि किशोर सक्सेना ने किया। अंत में संयोजक जिला पंचायत सदस्य प्रमोद यादव ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का उद्घाटन परिवहन राज्यमंत्री मानपाल सिंह वर्मा और आइजी जोन आगरा डीसी मिश्रा ने किया। दीप प्रज्वलन जिला जज केके शर्मा, डीआईजी आगरा रेंज अजय मोहन शर्मा, डीआइजी अलीगढ़ रेंज गोविंद अग्रवाल ने किया। उपस्थित अतिथियों में अपर जिला जज मानवेंद्र सिंह, विधायक अलीगंज रामेश्वर सिंह यादव, जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह यादव, राकेश गांधी पालिकाध्यक्ष, पटियाली विधायक नजीबा खान जीनत, पैक्सफेड डायरेक्टर नाशी खान, डीएम फर्रुखाबाद सतेंद्र सिंह, एसएसपी एसके सिंह, पूर्व सांसद कैलाश यादव, सीएमओ डॉ आरसी पांडेय, एसडीएम सदर एसके वर्मा, तहसीलदार रामदास, नायब तहसीलदार जमशेद आलम, नवनिर्वाचित जिला पंचायत अध्यक्ष राजकिशोर राजू आदि रहे।