एटा। जिला पंचायत के वार्डों के आरक्षण की बदली प्रक्रिया से संभावित प्रत्याशियों के चेहरों की हवाईयां उड़ गई हैं। लंबे समय से जिला पंचायत पर एक ही परिवार का कब्जा था, इस बार उस परिवार की सभी सीटों का आरक्षण बदल जाने से जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर कौन काबिज होगा यह चुनाव बाद ही पता चल सकेगा।
निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष राजकिशोर सिंह वार्ड 26 से पिछली बार चुनाव लड़े थे, उस वक्त यह सीट अनुसूचित जाति के लिए रिजर्व थी, इस बार यह सीट अनारक्षित में चली गई है। वहीं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह वार्ड 27 से चुनाव लड़ते रहे हैं। यह सीट पिछली बार पिछड़ा वर्ग में थी, इस बार सीट अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित कर दी गई है। वहीं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष जुगेंद्र सिंह की पत्नी रेखा यादव वार्ड 21 से पिछली बार चुनाव लड़ी थीं, जब यह सीट पिछड़ा वर्ग महिला थी, इस बार इसका आरक्षण बदलकर अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिया गया है। वहीं जुगेंद्र सिंह के पुत्र पुष्पेंद्र वार्ड 20 से चुनाव लड़े, तब यह सीट पिछड़ा वर्ग में थी, इस बार सामान्य महिला के लिए आरक्षित की गई है।
जब कि जुगेंद्र के भाई और पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह के पुत्र प्रमोद यादव वार्ड 29 से चुनाव लड़े थे, तब यह वार्ड पिछड़ा वर्ग में था, इस बार अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित किया गया है। वहीं वार्ड 28 पर पुत्रवधू अमिता यादव चुनाव लड़ीं, तब यह सीट पिछड़ा वर्ग महिला में थी जो इस बार सामान्य हो गई है। इस संबंध में पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह का कहना है कि उनके परिवार की सभी सीटों को इस बार आरक्षण में आउट कर दिया गया है। अभी सूची देख रहे हैं, यदि लगेगा कि गलत आरक्षण हुआ तो आपत्ति दाखिल की जाएगी। उन्होंने कहा कि अबकी बार कौन जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर आसीन होगा, यह समय बताएगा। धीरे-धीरे देखिए होता है क्या।
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आज से लिए जाएंगे दावे आपत्तियां
एटा। जिले में त्रिस्तरीय चुनाव को लेकर मंगलवार को आरक्षण सूची जारी कर दी गई है। आरक्षण सूची चस्पा होने के बाद से ही ग्राम प्रधान व जिला पंचायत पद के उम्मीदवारों ने आपत्ति जतानी आरंभ कर दी है। उम्मीदवारों का कहना है कि आरक्षण में नियमानुसार बदलाव नहीं किया गया। इस पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए लोग विकास भवन पहुंचे जहां से उन्हें वापस कर दिया गया। जिला पंचायत राज अधिकारी आलोक कुमार प्रियदर्शी ने कहा कि चार मार्च से और आठ तक दावे और आपत्तियां ली जाएंगी।
ग्राम पंचायत चुनाव में इस बार पिछड़ा वर्ग की सीट रखी गई है। इससे पहले अनुसूचित जाति की सीट थी। इस बार चुनाव लड़ने का मन बना रहे हैं।
- धर्मेंद्र कुमार, ग्राम पंचायत रामपुर घनश्याम
इस बार सामान्य सीट है। पिछली बार अनुसूचित जाति की सीट आरक्षित थी। इस बार आरक्षण सीट के आपत्ति दायर करेंगें।
- रानू, ग्राम पंचायत धुमरी
पिछली बार ग्राम पंचायत चुनाव में अनुसूचित जाति की सीट आरक्षित थी। इस बार सामान्य सीट है। चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं।
- अश्वनी मिश्रा, ग्राम पंचायत सकीट
ग्राम पंचायत बीगौर की पिछले चुनाव में सीट सामान्य महिला रही थी, इस बार अनुसूचित जाति महिला सीट आरक्षित की है। आपत्ति डालकर आरक्षण को बदलवाएंगे।
- अवनेंद्र राजपूत, ग्राम पंचायत बीगौर