मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन वार्ड में भर्ती मरीज। संवाद
एटा। मेडिकल कॉलेज के मेडिसिन वार्ड में टीबी एंड चेस्ट डिपार्टमेंट (टीबीसीडी) वार्ड के मरीजों को भर्ती किया जा रहा है। इसके पीछे टीबीसीडी में कम मरीज व महिला स्टाफ का हवाला दिया जा रहा है। शाम ढलते ही मरीजों को मेडिसिन वार्ड में स्थानांतरित कर दिया जाता है। इसकी वजह से अन्य मरीजों में भी संक्रमण फैलने की आशंका है।
मेडिकल कॉलेज के छठे तल पर टीबीसीडी वार्ड बनाया गया है। यहां क्षय रोगियों व सीने संबंधी बीमारियों के पीड़ितों को भर्ती कर उपचार दिया जाता है। बुधवार को दिन के समय इस वार्ड में 4 मरीज भर्ती थे।
एक व्यक्ति ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि शाम ढलते ही इन मरीजों को पांचवे तल पर बनाए गए मेडिसिन वार्ड में भर्ती कर दिया जाता है। इसकी वजह से वहां के मरीजों में भी संक्रमण फैलने का खतरा है।
एक स्टाफ ने बताया कि वार्ड में कम मरीज होेते हैं और रात के समय महिला स्टाफ की ड्यूटी होती है। इसलिए यह लोग दूसरे मरीजों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करते हुए उनको नीचे ले आते हैं। सीएमएस डॉ. एस चंद्रा ने बताया कि इस प्रकार की बात संज्ञान में नहीं है। ऐसा हो रहा है तो औचक निरीक्षण कर कार्रवाई की जाएगी।