एटा। गांधी जयंती के चलते बुधवार को सार्वजनिक अवकाश था। ऐसे में मेडिकल कॉलेज की ओपीडी बंद रही। जानकारी के अभाव में तमाम मरीज पहुंचे, जो इलाज के लिए इधर-उधर भटकते रहे। बाद में पता चला कि छुट्टी के चलते मेडिकल कॉलेज बंद है ताे बिना इलाज के लौटना पड़ा।
इन दिनों मौसम बदल रहा है। ऐसे में बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक बीमारियों की चपेट में आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में दो हजार के लगभग मरीज प्रतिदिन उपचार को पहुंच रहे हैं। घंटों लाइन में लगने के बाद मरीजों को यहां दवा मिल पा रही है। बुधवार को गांधी जयंती के चलते ओपीडी बंद थी। ऐसे में ग्रामीण क्षेत्र आए मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
मरीजों ने बताया कि अवकाश के संबंध में हमें पहले से कोई जानकारी नहीं थी। पूर्व में अवकाश के दिन में भी 12 बजे तक अस्पताल खुलता था, लेकिन अब पूरी तरह सुबह से ही बंद है। कोई बुखार से ग्रसित था तो किसी के शरीर में दाने पड़े हुए थे। कोई अपने बच्चे की दवा लेने आया था। मरीजों को बताया गया कि छुट्टी के चलते चिकित्सक नहीं आए हैं। इसके बाद कोई निजी नर्सिंग होम में चला गया तो कोई बृहस्पतिवार को आने की बात कह रहा था।
शरीर में दाने निकल आए है। दो दिन से दिक्कत हो रही थी। बुधवार को कॉलेज में दिखाने आए, बता दिया छुट्टी है। अब बृहस्पतिवार को आऊंगा। -जीपेंद्र, चुरैथा
4 दिन से बुखार आ रहा है। क्लीनिक पर दिखाया लेकिन फायदा नहीं मिला। मेडिकल कॉलेज आए यहां बता दिया कि छुट्टी है, अब वापस गांव जा रही हूं। -जीनत, कोडरा
2 अक्तूबर का गांधी-शास्त्री जयंती का सार्वजनिक अवकाश रहा। ओपीडी बंद थी, इमरजेंसी में भर्ती मरीजों का उपचार किया गया। - डॉ. एस. चंद्रा, सीएमएस