रामेश्वरम में बैठक करते नीमा के चिकित्सक ।
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एटा। नेशनल इंटीग्रेटिड मेडिकल एसोसिएशन (नीमा) के पदाधिकारियों व चिकित्सकों की रविवार को एक होटल में हुई बैठक में बीएएमएस चिकित्सकों के यहां सीएमओ कार्यालय के अधिकारियों द्वारा छापा मार कार्रवाई का विरोध किया गया। बिना नोटिस दिए क्लीनिक को सील करने के मामले में चिकित्सक डीएम से मिलकर अपना पक्ष रखेंगे।
बैठक के दौरान डॉ. सतेंद्र सिंह तोमर ने बताया बीएएमएस चिकित्सक कुछ एलोपैथिक दवा मरीजों को दें सकते हैं। उन्होंने एक लिस्ट का हवाला दिया। उन्होंने कहा कभी- कभी गंभीर मरीज को लिस्ट से हटकर भी दवा देनी पड़ती है। यह दवा देखकर बीएएमएस चिकित्सक को गलत मान लिया जाता है और उस पर कार्रवाई कर दी जाती है। यह गलत तरीका है, बीते दिनों जिले में बीएएमएस की डिग्री लिए चिकित्सकों के क्लीनिक सील कर दिए गए। इसकी चिकित्सकों ने निंदा की।
उन्होंने कहा सील करने से पहले नोटिस दिया जाए। इसके बाद आगे कर कार्रवाई की जाए। चिकित्सकों पर हो रही कार्रवाई को लेकर नीमा के पदाधिकारी सीएमओ डॉ. अरविंद गर्ग से भी मिले। इस दौरान नीमा के अध्यक्ष डॉ. नागेंद्र पाल सिंह सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। अध्यक्ष ने बताया अब जिलाधिकारी के साथ बैठक की जाएगी। इसके लिए जिलाधिकारी से समय लिया जाएगा। जिससे चिकित्सक अपनी बात डीएम के समक्ष रख सकें। इस दौरान डॉ. मनोज भारद्वाज, डॉ. रामविलास शर्मा, डॉ. मनोज गुप्ता सहित कई चिकित्सक मौजूद रहे।