एटा की महाकाली का देश भर में डंका बजता है। जिले के काली मंडलों ने देशभर में नाम कमाया है। सोमवार को काली की शोभायात्रा निकाली जाएगी। शहर में ऐसे कई कलाकार हैं जो लोगों का मनोरंजन करते हैं। रामलीला कमेटी की ओर से सोमवार शाम सात बजे महाकाली की शोभायात्रा निकाली जाएगी। इस मौके पर काली मंडल रामलीला मंच पर प्रदर्शन करते हुए शहर में निकलेंगे। इसके माता के नौ रूपों की झांकी निकाली जाएगी।
40 साल पहले शहर में कई काली मंडल रामनवमी में अपनी प्रतिभा दिखाते थे। इन मंडलों में 25 से 30 कलाकार होते हैं जो कि विभिन्न धार्मिक स्वरूप धरकर शहर में जगह-जगह लोगों का मनोरंजन करते हैं। रम्मू पान वाले, रमेश कुमार, उस्ताद कालीचरण ने काली मंडल की परंपरा शुरू की।
शुरू-शुरू में अलग-अलग मोहल्ले के लोग धार्मिक पात्रों की भूमिका निभाते। धीरे-धीरे काली मंडल का चलन सभी मेलों और कार्यक्रम में होने लगा। जय माता महाकाली मंडल के संचालक गिर्राज किशोर वार्ष्णेय ने बताया रामनवमी पर बाहर से काली देखने वाले लोग अपने शहर में भी प्रदर्शन करने के लिए बुलाते हैं। उन्होंने बताया कि काली मंडल मेरठ, भिंड, अलीगढ़, बरेली, चंदौसी शहर में भी काली का प्रदर्शन कर चुके हैं। सोमवार को कमेटी काली शोभायात्रा निकालेगी।
तैयारियों में जुटे महाकाली मंडल
शहर में निकलने वाली माता महाकाली की शोभायात्रा को लेकर महाकाली मंडल तैयारी में जुटे हुए हैं। कृष्णा महाकाली मंडल के संयोजक सुदर्शन ने बताया कि तैयारी पूरी हो चुकी हैं। तैयारी में लगभग डेढ़ से दो लाख रूपये खर्च हो चुके हैं।
नवीन करेंगे काली का रौद्र रूप धारण
जय माता महाकाली मंडल से नवीन कुमार वाष्र्णेय काली का रौद्र रूप धारण करेंगे। पेशे से वह एक थोक व्यापारी हैं। हर साल रामनवमी के मौके पर महाकाली निकालते हैं। वहीं श्री कृष्णा महाकाली मंडल से हेमंत काली का रौद्र रुप धारण करेंगे। वह एक जनरल स्टोर चलाते हैं। इसके अलावा दालों का व्यापार करते हैं। माता महाकाली सड़क पर नंगे पैर चलती हैं। जिससे टूटी, गड्ढेदार सड़कों पर चलने में परेशानी होती है। पालिका सड़कों की मरम्मत कराए।