मेडिकल कॉलेज में जेब कटने के बाद पुलिस को जानकारी देता पीड़ित। स्रोत वीडियोग्रेब
एटा। मेडिकल कॉलेज में पुलिस चौकी बनाने का प्रावधान सिर्फ कागजाें तक सीमित है। काॅलेज में जेब कटने जैसी आपराधिक घटनाएं घटित होती रहती हैं। सोमवार को भी एक तीमारदार की जेब से किसी ने सात हजार रुपये पार कर दिए।
कस्बा अवागढ़ निवासी प्रभात उपाध्याय अपनी पत्नी के रक्त की जांच कराने के लिए सोमवार को मेडिकल कॉलेज में लाइन में लगे थे। इस दौरान पीछे से उनकी जेब से किसी ने सात हजार रुपये निकाल लिए। पता लगने पर उन्होंने 112 नंबर कॉल करके पुलिस को बुलाकर घटना के बारे में जानकारी दी। प्रभात उपाध्याय ने बताया कि वह घर से अपनी पत्नी का उपचार के लिए रुपये लेकर आए थे।
दूसरी घटना 10 अक्तूबर को हुई थी जब राकेश कुमार निवासी मुइद्दीनपुर थाना मारहरा दवा लेने के लिए मेडिकल कॉलेज आए। यहां कक्ष संख्या-1 में रक्तचाप जांच के लिए लाइन में लगे थे। तभी उनकी पैंट की पिछली जेब से 50 हजार रुपये निकाल लिए गए। इसकी शिकायत कोतवाली नगर में की। सीएमएस डॉ. सुरेश चंद्रा ने बताया कि पुलिस चौकी के संबंध में एक बार सब इंस्पेक्टर आए थे। जगह का मुआयना भी किया फिर उसके बाद वह कभी भी यहां नहीं आए।
सीसीटीवी कैमरे लगे होने के बाद भी अपराधी बेसुराग
मेडिकल कॉलेज में जगह-जगह पर सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं। इसके बाद भी जेब काटने की घटनाएं बढ़ रही हैं। वहीं पुलिस भी इस मामले में सीसीटीवी कैमरे चेक कर अपराधियों का सुराग नहीं लगा पा रही है।