ट्रांसफार्मर में बार बार लग रही आग
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नगला मड़िया में एक साल बाद ट्रांसफार्मर बदलने की शिकायत को कागजों पर निस्तारित कर एक्सईएन द्वारा उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजने का मामला रविवार को अमर उजाला में प्रकाशित होते ही पावर निगम अफसर नींद से जागे। शुक्रवार को दिन निकलते ही ट्रांसफार्मर नगला मड़िया पहुंच गया और खंभे पर रख भी गया, लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल अभी तक बहाल नहीं हुई है।
इसके चलते ग्रामीणों में विद्युत निगम अफसरों के खिलाफ रोष है।
दरअसल नगला मड़िया गांव निवासी अतिप्यारी ने एक साल पहले जले ट्रांसफार्मर बदलने की शिकायत पीएम और सीएम के पोर्टल पर की थी। पोर्टल से शिकायत रेफर हुई तो एक्सईएन राजकुमार ने ट्रांसफार्मर लगवाए बिना ट्रांसफार्मर लगवाने और बिजली आपूर्ति बहाल करने की रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को भेज पीएम और सीएम को गुमराह करने का प्रयास किया। कागजी कार्रवाई का खुलासा तब हुआ जब शिकायतकर्ता के मोबाइल पर पोर्टल से शिकायत के निस्तारण और बिजली आपूर्ति शुरू होने का एसएमएस आया।
रविवार को अमर उजाला ने एक्सईएन ने पीएम और सीएम को पोर्टल पर किया गुमराह शीर्षक से खबर प्रकाशित की तो विद्युत निगम अफसरों में हड़कंप मच गया। एक्सईएन राजकुमार ने रविवार सुबह ट्रांसफार्मर लगवा दिया। ग्रामीणों ने बताया कि रविवार सुबह पावर निगम कर्मचारी ट्रांसफार्मर लेकर गांव पहुंचे और पोल पर लगाने के बाद सोमवार को आने की कहकर लौट गए। गांव में बिजली आपूर्ति शुुरू नहीं हो पाई है। ग्राम प्रधान रेशन देवी ने कहा कि कई महीने बाद रविवार सुबह ट्रांसफार्मर लग गया, लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की है। प्रकरण पर एक्सईएन राजकुमार से फोन पर संपर्क किया गया, लेकिन संपर्क नहीं हो पाया।