एटा। उत्तर प्रदेश किसान सभा के पदाधिकारी ने राष्ट्रपति के नाम अपनी समस्याओं को लेकर एएसडीएम राजकुमार मौर्य को ज्ञापन सौंपा। जिसमें द्विपक्षीय व्यापार पर बातचीत के लिए भारत आ रहे अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस से वार्ता रद्द करने की मांग की।
उत्तर प्रदेश किसान सभा के जिला महासचिव राजाराम यादव ने कहा कि भारत सरकार अमेरिका के साथ व्यापार वार्ता कर रही है। इसके लिए उपराष्ट्रपति भारत आ रहे हैं। द्विपक्षीय व्यापार सौदे पर बातचीत पर अखिल भारतीय किसान सभा देशभर में विरोध कर रही है। उन्होंने कहा कि समझौता किसानों के विरोध में होने जा रहा है। जिससे भारत का किसान बर्बाद हो जाएगा। जबकि चीन, कनाडा, मेक्सिको आदि देशों ने टेरिफ का विरोध किया और अपने आर्थिक हितों के साथ एकजुट हुए।
वहीं भारत ने अपने राष्ट्रीय हितों को त्यागने का संकल्प चुना है। कनाडा और मेक्सिको जो 70 प्रतिशत से अधिक निर्यात करता है, उसने पलटवार करने से पहले पलक झपकाने के बराबर समय नहीं लिया। जबकि अमेरिका को लगभग 18 प्रतिशत निर्यात करने वाला भारत अमेरिका के दबाव में राजनीति के खिलाफ खड़ा होने से इन्कार कर रहा है।
कृषि के अलावा जैनेरिक, फार्मास्यूटिकल्स से लेकर ऑटो पार्ट जैसे क्षेत्र में एमएसएमई और इन क्षेत्रों में लाखों श्रमिकों के हितों पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। उत्तर प्रदेश किसान सभा ने राष्ट्रपति से इस समझौते को रद्द करने की मांग की है। खुशबू बघेल, वासुदेव बघेल, ज्ञान सिंह, जयवीर सिंह यादव और नीरज आदि मौजूद रहे।