एटा। आधा नवंबर बीत चुका है। इसके बाद भी डेंगू का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव ने सीएमओ को संचारी रोग अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। जहां विभाग द्वारा साफ पानी में होने वाले लार्वा के बारे में लोगों को जानकारी दी जाएगी।
शहर से लेकर गांव तक संक्रामक रोग पांव पसार चुका है। निजी और सरकारी अस्पतालों में बेड फुल हैं। जिले में अब तक डेंगू से करीब डेढ़ दर्जन लोगों की मौत हो चुकी हैं। इसी को लेकर स्वास्थ्य सचिव ने सीएमओ डॉ. अजय अग्रवाल को जिले में संचारी रोग अभियान चलाने के निर्देश दिए है। इसमें टीम घर- घर जाकर लार्वा खोजेगी और संक्रामक रोग कब फैलता है, इससे बचने के लिए क्या करना चाहिए आदि के प्रति लोगों को जागरूक करेगी। 30 नवंबर तक जिले में अभियान चलाकर उसकी मॉनिटरिंग भी कराई जाए। सीएमओ ने सीएचसी व पीएचसी अधीक्षक सहित एमओआईसी को अभियान चलाने के निर्देश दिए है।
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चार टीमें करेंगी अभियान की निगरानी
जिले में संचारी रोग अभियान की निगरानी के लिए 4 टीमें बनाई गई हैं। जहां यह प्रतिदिन कार्य में लगी टीमों से शाम को जानकारी कर लखनऊ इसकी सूचना भेजेंगे। ---------------
सात को हुई एनएस1 की पुष्टि
जिला अस्पताल में सोमवार को डेंगू की जांच के लिए 52 मरीजों को कार्ड लगाए गए। जहां उद्वेतपुर निवासी ज्ञानप्रकाश व सुषमा, संजय नगर निवासी नफी, पटियाली गेट निवासी शिवानी, रैवाड़ी निवासी सविता, संजय नगर निवासी पूनम व जाटवपुरा निवासी दीक्षा को एनएस1 की पुष्टि हुई। इस दौरान सभी के परिजन मरीजों को लेकर नर्सिंग होम चले गए।
संचारी रोग नियंत्रण अभियान को सफल बनाएं
एटा। डीएम सुखलाल भारती ने आगामी 30 नवबंर तक चलाये जाने वाले संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत अंतरविभागीय समंवय समीक्षा बैठक में मौजूद अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि जनसहभागिता के माध्यम से संचारी रोग नियंत्रण अभियान को सफल बनाने हेतु सार्थक प्रयास किए जाएं। बैठक में मौजूद समस्त स्वास्थ्य केन्द्र प्रभारियों को कड़ी हिदायत दी कि स्वास्थ्य केन्द्रों पर पर्याप्त साफ सफाई मिलनी चाहिए। बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा विद्यालयों में प्रात: प्रार्थना के दौरान बच्चों को बीमारियों से बचाव एवं स्वास्थ्य संबंधी अन्य जानकारी भी दी जाए। एमओआईसी द्वारा संबंधित खण्ड विकास अधिकारी से समंवय स्थापित कर रणनीति तैयार की जाए। बैठक में सीडीओ मदन वर्मा, सीएमओ डॉ. अजय अग्रवाल, डीडीओ एसएन सिंह कुशवाह, सीएमएस डॉ. प्रदीप कुमार, बीएसए संजय सिंह, डीपीओ संजय सिंह, ईओ लोकेंद्र सिंह, समस्त एमओआईसी, स्वास्थ्य विभाग के अन्य चिकित्सक, कर्मचारी आदि मौजूद रहे।