एटा। आबकारी विभाग की ई-लॉटरी प्रक्रिया में फर्जी शपथ पत्र देकर शराब की दुकान हासिल करने का मामला सामने आया है। इस मामले में आरोपी के खिलाफ थाना अलीगंज में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। प्रकरण उजागर होने के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है और पूरे मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है।
मोहल्ला काजी निवासी मुकेशचंद्र उर्फ मुक्का पुत्र जिलेदार सिंह (उर्फ मुकेश यादव) ने वर्ष 2025-26 की आबकारी ई-लॉटरी में भाग लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था। आवेदन के दौरान उसने शपथ पत्र में अपने एवं परिवार के सदस्यों के विरुद्ध किसी भी आपराधिक मुकदमे से इनकार किया। लॉटरी प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद उसे अलीगंज क्षेत्र में मदिरा दुकान आवंटित कर दी गई और 1 अप्रैल 2025 से दुकान का संचालन भी शुरू हो गया। हालांकि, बाद में प्राप्त शिकायतों के आधार पर जब जांच की गई, तो पता चला कि आरोपी के खिलाफ एटा और मैनपुरी जनपदों में पहले से ही कई गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
जांच में धोखाधड़ी, जालसाजी सहित अन्य संगीन धाराओं के मामले सामने आए, जिन्हें आवेदन के समय शपथ पत्र में छिपाया गया था। इसे नियमों का उल्लंघन मानते हुए आबकारी विभाग ने जांच रिपोर्ट तैयार कर संबंधित थाने में तहरीर दी। तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी प्रक्रियाओं में गलत जानकारी देकर लाभ उठाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।