श्रद्धालुओं के वाहनों का दबाव सर्कुलर रोड पर पड़ा तो जाम लग गया। रविवार रात से ही जाम दिखने लगा था। यातायात पुलिस व्यवस्था नहीं बना पाई। गंगा घाट से लेकर शहर के प्रमुख चौराहों पर जाम के विकराल हालात रहे।
श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए विभिन्न घाटों पर ट्रक, ट्रैक्टर, मेटाडोर, दो पहिया मोटरसाइकिल से पहुंचे, इससे जाम लग गया। ट्रैफिक कंट्रोल के लिए पुलिस की रूटडायवर्जन की व्यवस्था भी फेल दिखी। ट्रक और अन्य वाहनों ने बाजार में जाम के हालात और विकराल कर दिए। जाम में फंसे हुए लोगों को जब सर्कुलर रोड पर निकलने की जगह नहीं मिली तो छोटे वाहन चालक गलियों से निकलते दिखाई दिए।
कासगंज-बरेली मार्ग पर भी छोटे वाहन चालकों ने खेतों के सहारे अपनी यात्रा पूर्ण की। बड़ी संख्या में कई वाहन चालक जान जोखिम में डालकर खेतों के सहारे गंगा घाटों पर पहुंचे। वाहनों की किल्लत का सामना भी श्रद्धालुओं को करना पड़ा। परिवहन विभाग की व्यवस्थाएं गंगा स्नान के दौरान नाकाफी रही। घंटो लोगों ने वाहनों में चढ़ने के लिए अपनी बारी की प्रतीक्षा की। प्राइवेट वाहन संचालकों ने यात्रियों से अतिरिक्त किराया वसूला। जब लोगों को वाहन नहीं मिले तो लोग वाहनों की छतों, पायदान पर जान जोखिम में डालकर यात्रा की।
डीएम-एसपी का काफिला जाम में फंसा
मिशन चौराहे पर निरीक्षण कर डीएम, एसपी का काफिला जाम में फंस गया। डीएम एसपी के जाम में फंसने की सूचना जैसे ही वायरलैस हुई यातायात पुलिस हरकत में आ गई। यातायात प्रभारी कुछ पुलिस कर्मियों के साथ व्यवस्था बनाने में जुट गए और दो मिनट के बाद डीएम, एसपी के काफिले को निकाला।