एटा। निधौली कलां-जलेसर मार्ग स्थित सोरखा मोड़ पर बाढ़ प्रभावित किसानों का धरना चौथे दिन बृहस्पतिवार को भी चला, लेकिन समस्या का समाधान न होने से किसान आक्रोशित हैं। इसे लेकर शुक्रवार से भूख हड़ताल शुरू करेंगे।
किसानों ने बताया कि खेतों में पानी भरा होने से फसलें सड़ रही हैं और उनकी आर्थिक स्थिति दयनीय हो गई है। इस संकट के बीच अपनी उपजाऊ भूमि को खोने के डर से परेशान हैं। प्रशासन की ओर से समस्या को नजरअंदाज किया जा रहा है, जिससे चिंता और बढ़ गई है। धरने में मौजूद किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द ही जलनिकासी की उचित व्यवस्था की जाए और उनकी फसलों के नुकसान के लिए मुआवजा प्रदान किया जाए।
जिला पंचायत सदस्य अनिल चौधरी ने बताया कि हमारी मांगें बहुत स्पष्ट हैं। हम जल निकासी के लिए ठोस कदम और फसल बर्बादी का मुआवजा चाहते हैं। अगर हमारी आवाज को अनसुना किया गया तो हमें भूख हड़ताल के अलावा कठोर कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।