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एटाः डीएपी की किल्लत: आज हो जाएगा डीएपी का स्टॉक खत्म, जिले में होगी किल्लत

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एटा/सकीट। जिले में नवीन गल्ला मंडी में स्थित इफ्को किसान सेवा केंद्र के अलावा अन्य केंद्रों पर डीएपी नहीं मिल पा रही है जिसकी वजह से किसानों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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रविवार को केंद्रों पर डीएपी का स्टॉक खत्म होने संभावनाएं जताई जा रहीं हैं जिसके बाद किसानों को डीएपी की और किल्लत का सामना करना पड़ेगा। वहीं रात को दो बजे कतार में लगने के बाद भी किसानों को शनिवार दोपहर 12 बजे तक डीएपी नसीब नहीं हो पाई।
अलीगंज मार्ग स्थित नवीन गल्ला मंडी में इफ्को किसान सेवा केंद्र पर डीएपी वितरण की जा रही है। यहां पर शुक्रवार की रात करीब 2 बजे से ही किसान लाइन में आकर लगना शुरू हो गए थे। सुबह दस बजते ही किसान अपनी जगह लाइन में खड़े होकर डीएपी लेने का इंतजार करते रहे लेकिन दोपहर 12 बजे तक डीएपी का वितरण शुरू नहीं किया गया। जिससे किसान लाइन में भूखे प्यासे लगे रहे।
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किसानों का कहना है कि रात को लाइन में लगने के बाद भी डीएपी नहीं मिल पा रही है। शाम पांच बजते ही केंद्र पर डीएपी का वितरण बंद कर देते हैं। जिससे सैकड़ों किसान बिना डीएपी के ही घर वापिस चले जाते हैं। ऐसा ही माहौल सकीट में स्थिति समिति पर है। यहां पर किसान एक सप्ताह से डीएपी के लिए चक्कर काट रहे हैं लेकिन डीएपी नहीं मिल पा रही है।
एक सौ मीट्रिक टन का ही बचा स्टॉक
जिले में डीएपी का स्टॉक खत्म हो चुका है। यहां पर करीब 100 मीट्रिक टन का स्टॉक ही बचा हुआ है। जो रविवार तक खत्म हो जाएगा। इसके बाद किसानों को डीएपी की किल्लत का सामना करना पड़ेगा। वहीं अभी जिले के करीब 90 केंद्रों में से सिर्फ नवीन गल्ला मंडी केंद्र पर ही डीएपी का वितरण किया जा रहा है।
बोले किसान...
रात के दो बजे डीएपी के लिए लाइन में लगे थे। लाइन में ही रात को थोड़ी देर बैठकर सो लिए। लेकिन यहां दोपहर 12 बजे तक डीएपी का वितरण नहीं किया गया। जिससे काफी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।
- धर्मवीर, रिजोर
सुबह चार बजे डीएपी के लिए आए थे लेकिन यहां पर करीब 100 से अधिक किसान लाइन में लगे हुए थे। दोपहर बाद तक डीएपी के लिए नंबर नहीं आया है।
- अभय कुमार, सेनाकलां
जिले के 90 केंद्रों पर डीएपी का वितरण किया जा रहा था। जिस केंद्र पर डीएपी नहीं मिल रही है वहां स्टॉक खत्म हो चुका है। तीन दिन बाद डीएपी की रैक जिले में पहुंचेगी। इसके बाद डीएपी का किसानों को वितरण किया जाएगा।
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- महावीर सिंह, एआर कोऑपरेटिव
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