एटा। जिले के चिकोरी किसानों का उद्यमी बनने का मौका मिलेगा। ओडीओपी (एक जिला एक उत्पाद) योजना के तहत प्रशिक्षण और बैंक के माध्यम से वित्तीय मदद उपलब्ध कराई जाएगी।
उपायुक्त उद्योग प्रेमकांत ने बताया कि एक जनपद एक उत्पाद कार्यक्रम के अंतर्गत पूर्व में घुंघरू-घंटी एवं अन्य पीतल उत्पाद निर्धारित था। जिलाधिकारी प्रेम रंजन सिंह के प्रयासों से प्रदेश सरकार द्वारा चिकोरी उत्पाद को ओडीओपी योजना के द्वितीय उत्पाद के रूप में शामिल किया गया है। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय ओडीओपी समिति की बैठक 12 सितंबर को आयोजित की गई। इसमें चिकोरी उत्पाद की टूलकिट का चयन किया गया है।
चिकोरी किसान अब ओडीओपी योजना में प्रशिक्षण एवं बैंक के माध्यम से वित्तीय सहायता प्राप्त कर स्वयं का उद्यम स्थापित कर सकेंगे। चिकोरी पाउडर तैयार कर पेय पदार्थ के रूप में अपने उत्पाद की मार्केटिंग कर सकेंगे। प्रदेश स्तर एवं राष्ट्रीय स्तर के सूचीबद्ध मेलों, एक्सोमार्ट में भी अपने उत्पादों की ब्रिक्री करने का उन्हें मौका मिलेगा। चिकोरी उत्पादक किसान कार्यालय जिला उद्योग केंद्र द्वारा ओडीओपी प्रशिक्षण एवं टूलकिट वितरण योजनांतर्गत अपने आवेदन ऑनलाइन पोर्टल पर अपलोड करके योजना का लाभ उठा सकते हैं।