एटा। थाना कोतवाली नगर में बीएसए की ओर से बृहस्पतिवार की देर शाम पांच शिक्षिकाओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। इनमें तीन शिक्षिकाओं के सभी दस्तावेज और टैट (शिक्षक पात्रता परीक्षा) प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए थे।
बीएसए संजय सिंह ने तहरीर में आरोप लगाया है कि कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय जलेसर में कार्यरत वार्डेन तारा देवी पत्नी राम बहादुर ने टैट के फर्जी प्रमाणपत्र लगाकर नौकरी पा ली थी। जबकि यहीं तैनात पूजा पत्नी प्रेम सिंह पीटीटी के पद पर कार्यरत थीं। जांच में इनके सभी दस्तावेज फर्जी पाए गए। वहीं अलीगंज में तैनात बीना पत्नी बलवीर सिंह ने टैट प्रमाणपत्र फर्जी बनवाकर सरकारी नौकरी हथिया ली थी। मारहरा में निशा वर्मा पत्नी चोखेलाल और शीतलपुर में कार्यरत पिंकी पुत्री दीवान सिंह के सारे शैक्षणिक प्रमाणपत्र जालसाजी कर तैयार किए गए।
बता दें कि बीएसए की ओर से राज्य परियोजना कार्यालय सर्व शिक्षा अभियान को हरी झंडी दी गई थी। जिसके बाद 15 और 16 जून को आठ कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में कार्यरत शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मियों के मूल दस्तावेजों की ऑनलाइन जांच पड़ताल की गई थी। इसमें पांचों के दस्तावेज फर्जी पाए गए। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक एके सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच-पड़ताल कर आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।