अधूरा रेलवे रोड लोगों पर भारी पड़ रहा है। खुदी सड़क, उड़ रही धूल से गुजरने वाले परेशान हैं। सर्वाधिक परेशानी यहां रहने वालों एवं दुकानदारों को हो रही है। धूल रोकने के लिए वे दिन में कई बार छिड़काव कर रहे हैं। तो वहीं तेज वाहनों से छिटक रही गिट्टियां लोगों को घायल कर रही हैं।
वर्षों से ध्वस्त रेलवे रोड के दिन नहीं बहुर पा रहे। हाल में हुए निर्माण के आदेश भी लोगों को राहत नहीं मिल रही। रोड पर डाली गई मिट्टी से बेहाल रहे लोग रास्ता बदलकर गुजरते रहे।
इसके बाद डाली गई गिट्टी से बंधी निर्माण की आस भी कोरी निकल गई। गिट्टी पड़ने के एक माह बाद भी निर्माण कार्य शुरू न होने से लोग मायूस हैं। सड़क के किनारे रहने वाले एवं प्रतिष्ठान संचालकों की परेशानी और भी अधिक है।
इनका कहना है कि दिनभर उड़ने वाली धूल से खासी परेशानी हो रही है। वाहनों के लोड के चलते सांस लेना भी मुश्किल हो रहा है। बताते चलें कि प्रमुख मार्ग होने के चलते यहां दिनभर वाहनों का तांता रहता है।
तेज वाहन से छिटक रहीं गिट्टियों से लोगों को चोट लग रही है। विगत दिवस पैदल आ रही एक वृद्घा गिट्टी से घायल हो गईं। कारोबारी ब्रजनंदन माहेश्वरी, नरेंद्र वार्ष्णेय का कहना है कि वर्षों से ध्वस्त सड़क निर्माण के चलते महीनों से खुदी पड़ी है।