एटा। जिले को राजकीय बालक-बालिका गृह की सौगात मिल चुकी है, लेकिन इसके लिए भूमि का चिह्नांकन नहीं हो पा रहा है। जबकि वर्षों से किसी तरह के केस से संबंधित जिले के नाबालिग बालकों को आगरा और बालिकाओं को कानपुर भेजा जा रहा है।
नाबालिग अपराधियों को राजकीय बालक-बालिका सुधार गृह में रखा जाता है। लेकिन मंडल में कोई बालक-बालिका गृह नहीं है। इसी को देखते हुए शासन ने जिले में राजकीय बालक बालिका गृह की सौगात बीते वर्षों में दी थी, लेकिन जिले को अभी तक इसके लिए भूमि नहीं मिल पा रही है।
राजकीय बाल गृह के लिए पांच एकड़ भूमि चाहिए। बीते दिनों प्रोबेशन अधिकारी एसपी वर्मा ने लालपुर, अलीगंज रोड व मैनपुरी रोड पर भूमि देखी। प्रोबेशन अधिकारी ने बताया राजकीय गृह के लिए भूमि को देखा जा रहा है। जिले में अभी तक भूमि नहीं मिली है। जल्द ही भूमि का चयन कर शासन को रिपोर्ट भेज दी जाएगी।