कमेटी की जांच के बाद दोनों जीवनरक्षक एंबुलेंस तैयार
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पिछले दिनों लखनऊ में वेंटिलेटर युक्त जीवनरक्षक एंबुलेंस का शुभारंभ किया, लेकिन अगले दिन एंबुलेंस में कई कमियां सामने आने के बाद शासन ने सभी जिलों के सीएमओ को एंबुलेंस चलाने से पहले स्थानीय कमेटी बनाकर जांच कराने और रिपोर्ट आने पर संचालन के आदेश दिए थे। गुरुवार को डिप्टी सीएमओ के नेतृत्व में दोनो जीवन रक्षक एंबुलेंस की जांच की गई तो उपकरण सही मिलने के बाद एंबुलेंस चलाने की अनुमति दी।
शासन से एटा जिले दो जीवनरक्षक एंबुलेंस मिली हैं। इन हाईटेक एंबुलेंस में एयरकंडीशन के अलावा वेंटिलेटर, लेरिंगो स्कोप, ईसीजी मशीन, आक्सीजन सर्किट कनेक्शन, मल्टी पैरा मॉनीटर, अंबु बैग मास्क एयरवे, आटोमेटेड एक्सटर्नल डेफिब्रिलेटर समेत इमरजेंसी केयर यूनिट के सभी उपकरण लगे हैं।
डिप्टी सीएमओ डा. एसएस पांडेय ने बताया कि चेक लिस्ट में दिए गए एंबुलेंस में लगे उपकरण चलते मिले और ट्रेंड स्टाफ इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन ने पायलट के साथ जीवन रक्षक एंबुलेंस का चला कर देखी।
कमेटी की जांच रिपोर्ट के बाद सीएमओ ने जीवनरक्षक एंबुलेंस को चलाने की हरी झंडी दे दी है। एबुंलेस केवल गंभीर हालत के मरीजों को हायर सेंटर पहुंचाने के लिए इस्तेमाल होगी। इसके लिए 108 नंबर पर काल करने के साथ सीएमओ और सीएमएस से अनुमति लेनी होगी। सीएमओ डा. एसएस पांडेय ने बताया कि जीवन रक्षक एंबुलेंस चलाने से पहले शासन ने स्थानीय कमेटी बना कर जांच कराने के आदेश दिए थे।