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अभी तक नहीं हुई आलू क्रय केंद्रों की बोहनी

Sat, 22 Apr 2017 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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किसानों ने सड़कों पर फेंके आलू - फोटो : अमर उजाला
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जिले के आलू खरीद केंद्रों पर किसानों का टोटा है। केंद्र खुलने के एक सप्ताह बाद भी केंद्रों पर बोहनी नहीं हो पाई है। सबसे बड़ी समस्या शासन से तय मानक के अनुरूप आलू नहीं पहुंचने का है। इसके चलते केंद्र प्रभारी हाथ पर हाथ धरे बेठे हैं। किसान सरकार से आलू खरीद योजना में मिक्स आलू खरीद शामिल करने की मांग कर रहे हैं। ताकि आलू किसानों को योजना का सीधा लाभ मिल सके। ।
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जिला उद्यान अधिकारी वीके शर्मा ने बताया कि शासन से तय मानक 30 से 55 एमएम का आलू क्रय केंद्रों के माध्यम से 487 रुपये प्रति क्विंटल खरीदा जाना है, लेकिन ज्यादातर केंद्रों पर किसान मिला जुला आलू लेकर क्रय केंद्रों पर बेचने पहुंच रहे हैं। इसके बाद आने वाले आलू में से 25 से 30 प्रतिशत आलू ही मानक के मुताबिक खरीदने लायक होता है। ऐसे में किसान आलू लेकर क्रय केंद्र से बैरंग लौट रहे हैं। क्रय केंद्र प्रभारियों का कहना है कि उनके पास पैसा और बारदाना की कमी नहीं है, लेकिन किसान मानक सुन कर लौट रहे हैं। जिले में 13 अप्रैल से क्रय केंद्र खुलने के बाद अभी तक आलू की बोहनी नहीं होने से केंद्र प्रभारी मासूम हैं। जैथरा निवासी किसान रामदास और अवागढ़ निवासी किसान भूदेव का कहना है कि केंद्र पर जिस साइज का आलू खरीदने की बात हो रही है। उस साइज का आलू 200 पैकेट में से सिर्फ 25 से 30 पैकेट में ही निकलेगा। किसानों का कहना है कि सरकार आलू खरीद में साइज की शर्त हटाए तभी किसानों को आलू खरीद योजना का लाभ मिलेगा। आलू किसानों का कहना है छटनी के चक्कर में किसान आढ़तों पर मिक्स आलू सस्ते दामों पर बेच कर रहे हैं। सरकार को हर साइज का मिक्स आलू खरीदना चाहिए।
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